MP में बड़ा फैसला, अब सभी जिलों के बैगा, भारिया और सहरिया को मिलेगा विशेष योजनाओं का लाभ! CM मोहन यादव के निर्देश पर कलेक्टरों को आदेश जारी
मध्य प्रदेश सरकार ने प्रदेश के सभी जिलों में निवास कर रहे विशेष रूप से पिछड़ी जनजाति बैगा (Baiga), भारिया (Bharia) और सहरिया (Sahariya) के सदस्यों को उनकी पात्रता अनुसार विशेष पिछड़ी जनजाति समुदाय के लिए संचालित योजनाओं का लाभ देने का निर्देश जारी कर दिया है। इस आशय के निर्देश सभी जिला कलेक्टरों को जारी किए गए हैं।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने हाल ही में निर्देश दिए थे कि विशेष पिछड़ी जनजातियों के लिए चिन्हित 15 जिलों के अलावा अन्य जिलों में रह रहे बैगा, भारिया और सहरिया परिवारों को भी विशेष पिछड़ी जनजाति के लिए संचालित योजनाओं का लाभ सुनिश्चित किया जाए।
भर्ती प्रक्रिया में विशेष छूट
इन जनजातियों के आवेदक यदि संविदा शाला शिक्षक या तृतीय एवं चतुर्थ श्रेणी के किसी भी पद के लिए या वनरक्षक के लिए आवेदन करते हैं और उस पद के लिए निर्धारित न्यूनतम योग्यता रखते हैं, तो उन्हें भर्ती प्रक्रिया को अपनाए बिना सीधे उक्त पद पर नियुक्त किया जाएगा।
पहले विशेष पिछड़ी जनजातियों के लिए संचालित योजनाओं का लाभ केवल 15 जनजातीय बहुल जिलों तक ही सीमित था, जिनमें श्योपुर, मुरैना, दतिया, ग्वालियर, भिंड, शिवपुरी, गुना और अशोकनगर (सहरिया जनजाति), मंडला, डिंडोरी, शहडोल, उमरिया, बालाघाट और अनूपपुर (बैगा जनजाति) और छिंदवाड़ा के तामिया विकासखंड (भारिया जनजाति) शामिल थे।
अब, प्रदेश के किसी भी जिले में रहने वाले बैगा, भारिया और सहरिया परिवारों को विशेष पिछड़ी जनजाति की योजनाओं का लाभ दिए जाने में कोई कठिनाई नहीं है। वर्तमान में, भारत सरकार द्वारा पिछली जनजाति समूह के लिए विशेष रूप से संचालित पीएम जनमन योजना (PM JANMAN Yojana) में 24 जिलों में इन समूहों के हितग्राहियों को लाभ दिया जा रहा है।