कॉलेज का वादा कर हड़पी ज़मीन, फिर बना दी राइस मिल! पानी निकासी रोकी, 20 किसानों की धान की फसल बर्बाद. ‘गांव में भारी तनाव!
देवरहा गांव में एक निर्माणाधीन राइस मिल के कारण तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है। ग्रामीणों का आरोप है कि मिल मालिक ने गांव से पानी निकासी के रास्ते को डस्ट डालकर बंद कर दिया है। इस मनमानी के चलते 20 से ज़्यादा किसानों की धान की फसल पानी में डूबकर सड़ गई है।
नाराज़ किसानों का कहना है कि उनकी फसल मिल संचालक की हठधर्मिता के कारण खराब हुई है और उन्हें हुए नुकसान की भरपाई मिलनी चाहिए। ग्रामीणों के विरोध प्रदर्शन को देखते हुए मौके पर तहसीलदार समेत जिला प्रशासन के अधिकारी पहुंचे। हालांकि, किसान अपनी मांगों पर अड़े रहे।
कॉलेज के नाम पर ली ज़मीन, फिर बनाया राइस मिल: ग्रामीणों ने मिल संचालक पर धोखाधड़ी का भी आरोप लगाया है। उनका कहना है कि मिल संचालक ने पहले उन्हें बहलाया-फुसलाया और यह कहकर ज़मीन ली कि वह यहां कॉलेज बनाएगा। लेकिन ज़मीन लेने के बाद वहां राइस मिल का निर्माण शुरू कर दिया गया। जब बारिश का पानी निकलने का रास्ता बंद हुआ, तो गांव वालों ने तीन महीने पहले कलेक्टर और विधायक से मुलाकात भी की थी।
स्थानीय विधायक का समर्थन: ग्रामीणों के इस प्रदर्शन को स्थानीय विधायक ब्यास कश्यप ने भी समर्थन दिया है। विधायक ने साफ कहा है कि जिन ग्रामीणों की फसल बर्बाद हुई है, उन्हें हर हाल में मुआवज़ा दिया जाना चाहिए। उन्होंने जिला प्रशासन पर ग्रामीणों की मांग न सुनने का भी आरोप लगाया।
ग्रामीणों का आरोप है कि पानी निकासी का रास्ता निकालने के बजाए, वहां से मुख्यमंत्री सड़क योजना की सड़क खोद दी गई। इस बात से नाराज़ होकर अब ग्रामीण आंदोलन पर उतर आए हैं और उनका स्पष्ट कहना है कि जब तक उन्हें उचित मुआवज़ा नहीं मिलता, उनका विरोध जारी रहेगा।