मोबाइल पर प्रतिबंध, सोशल मीडिया पर AI की नजर! बिहार इलेक्शन में क्यों सख्त है पटना प्रशासन?
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की तैयारियों में प्रशासन ने इस बार मतदाताओं की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। बूथों की व्यवस्था से लेकर सुरक्षा तक हर पहलू पर खास ध्यान दिया जा रहा है, ताकि हर वोट सुरक्षित और सुगम तरीके से डाला जा सके।
पटना जिला निर्वाचन कार्यालय ने शुक्रवार को बताया कि इस चुनाव में बुजुर्ग और दिव्यांग मतदाताओं के लिए विशेष प्रबंध किए जा रहे हैं। बूथ अब केवल भूतल (ग्राउंड फ्लोर) पर बनाए जा रहे हैं, ताकि चढ़ाई-उतराई से परेशान मतदाता आसानी से मतदान कर सकें। सबसे अहम, 85 साल से अधिक उम्र वाले मतदाता घर से ही पोस्टल बैलेट के जरिए वोट डाल सकेंगे।
बुजुर्गों को घर पर मतदान की सुविधा डीएम और जिला निर्वाचन पदाधिकारी डॉ. एसएम त्यागराजन ने प्रेस वार्ता में बताया कि बूथ की व्यवस्था इस बार पूरी तरह से मतदाताओं की सुविधा के मुताबिक की जा रही है। खासकर बुजुर्ग और दिव्यांग मतदाताओं को मतदान में किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए रैंप और बैठने की जगह की पर्याप्त व्यवस्था की जा रही है।
85 साल से अधिक उम्र वाले मतदाता अपने घर पर ही मतदान कर पाएंगे। इसके लिए विशेष टीमें तैयार हैं जो समय पर घर जाकर उनका मतदान कराएंगी। यदि ऐसे मतदाता मतदान केंद्र तक जाने में असमर्थ हैं तो वे बीएलओ के माध्यम से प्रपत्र- 12 (D) भरकर निर्वाची पदाधिकारी को दे सकते हैं।
महिला कर्मियों को मिलेगी सुरक्षा और सहूलियत महिला मतदान कर्मियों की ड्यूटी उनके घर के आसपास के क्षेत्रों में होगी। मतदान संपन्न होने के बाद उनके लिए सरकारी वाहन की व्यवस्था भी की गई है, ताकि उन्हें घर जाने में कोई परेशानी न हो। इससे चुनाव में महिलाओं की भागीदारी और सुरक्षा दोनों सुनिश्चित होंगी।
मोबाइल प्रतिबंध और सोशल मीडिया पर निगरानी मतदान केंद्रों में मोबाइल ले जाने पर सख्त प्रतिबंध रहेगा। सभी मतदान केंद्रों के पास मोबाइल रखने की सुरक्षित व्यवस्था की गई है, जिससे मतदाता अपनी गोपनीयता बनाए रखते हुए स्वतंत्र रूप से मतदान कर सकें।
पटना के एसएसपी कार्तिकेय के शर्मा ने बताया कि सोशल मीडिया पर नफरत फैलाने वाले और चुनाव प्रक्रिया के खिलाफ किसी भी प्रकार की साजिश पर प्रशासन की कड़ी नजर रहेगी। इसके लिए विशेष सेल का गठन किया गया है। एआई आधारित डेटा के माध्यम से आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन की निगरानी की जा रही है।
चुनाव ड्यूटी से छुट्टी के लिए मेडिकल जांच अनिवार्य चुनाव कार्य से मुक्ति के लिए पटना जिला निर्वाचन पदाधिकारी ने मेडिकल टीम का गठन किया है। गंभीर बीमारियों और दिव्यांगता के कारण अपने कर्तव्यों का पालन करने में असमर्थ अधिकारियों व कर्मचारियों को साक्ष्य प्रस्तुत करने के लिए मेडिकल जांच 17 व 18 अक्टूबर को सुबह 11 बजे से शाम 5 बजे तक शहर के श्रीकृष्ण मेमोरियल हॉल में की जाएगी।