सोते वक्त सिरहाने रखा फोन क्या बन सकता है मौत की वजह? जानें खतरनाक बीमारी का खतरा!

रात में सोते समय स्मार्टफोन को तकिए के पास या सिरहाने रखना कई लोगों की आदत बन चुकी है, लेकिन विशेषज्ञ इसे एक खतरनाक अभ्यास मानते हैं। मोबाइल फोन से निकलने वाली ब्लू लाइट हमारे मस्तिष्क से निकलने वाले मेलाटोनिन हार्मोन के उत्पादन को बाधित करती है, जो गहरी नींद के लिए आवश्यक है। इसके कारण अनिद्रा यानी इनसोम्निया और बार-बार नींद टूटने जैसी समस्याएँ पैदा होती हैं, जिससे मानसिक चिंता और तनाव बढ़ सकता है।
इससे भी अधिक चिंता की बात यह है कि फोन से निकलने वाली रेडियोफ्रीक्वेंसी इलेक्ट्रोमैग्नेटिक फील्ड को विश्व स्वास्थ्य संगठन ने ‘संभावित कैंसर कारक’ श्रेणी में रखा है। विशेषज्ञों का मानना है कि लंबे समय तक सिर के करीब फोन रखकर सोने से ब्रेन ट्यूमर जैसे गंभीर मस्तिष्क कैंसर का खतरा बढ़ सकता है। डॉक्टरों की सलाह है कि इस खतरे से बचने के लिए सोते समय फोन को कम से कम तीन-चार फीट दूर रखें या ‘एयरप्लेन मोड’ पर रखें।