बारासात हत्याकांड, हत्यारे चाचा को उम्रकैद, कोर्ट रूम में ही आरोपी की बेटी ने दी जान से मारने की धमकी!
पश्चिम बंगाल के बारासात में 11 साल के मासूम फरदीन नबी की सनसनीखेज हत्या के मामले में कोर्ट ने ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। बारासात कोर्ट की सातवीं अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रज्ञागर्गी भट्टाचार्य ने मृतक के चाचा (ताऊ) एंजार नबी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही, अपहरण और सबूत मिटाने के लिए 7 साल की अतिरिक्त सजा और 6 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।
क्या था पूरा मामला? पिछले साल 9 जून को फरदीन खेलते समय अचानक गायब हो गया था। पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि संपत्ति विवाद के चलते उसके चाचा एंजार ने ही गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी थी। अपना गुनाह छिपाने के लिए आरोपी ने धार्मिक स्थल के माइक से ऐलान किया कि “बच्चा चोरों ने किडनी निकालकर बच्चे को मार डाला है।”
अफवाह से जला पूरा राज्य: आरोपी द्वारा फैलाई गई इस झूठी अफवाह ने पूरे राज्य में दहशत फैला दी थी। ‘बच्चा चोर’ के शक में राज्य भर में 13 जगहों पर मॉब लिंचिंग (भीड़ द्वारा पिटाई) की घटनाएं हुईं, जिससे कानून-व्यवस्था बिगड़ गई थी।
कोर्ट में हाई वोल्टेज ड्रामा: सजा सुनाए जाने के बाद भरी अदालत में आरोपी एंजार की बेटी ने पीड़ित परिवार को जान से मारने की धमकी दे दी। इस पर पुलिस अधीक्षक प्रतीक्षा झाड़खड़िया ने सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया है। 16 महीने की लंबी कानूनी लड़ाई के बाद हत्यारे को सजा मिलते ही फरदीन के पिता गुलाम नबी की आंखों में खुशी के आंसू छलक आए।