वंदे भारत या शताब्दी नहीं! कौन है भारतीय ट्रेनों का ‘राजा’? इसकी स्पीड और लग्जरी के आगे सब फेल!
नई दिल्ली: भारतीय रेलवे में भले ही वंदे भारत, तेजस, दुरंतो और शताब्दी एक्सप्रेस जैसी आधुनिक ट्रेनें चल रही हों, लेकिन ‘किंग ऑफ इंडियन रेलवे’ (King of Indian Railways) का ताज एक पुरानी लेकिन बेहद खास सुपरफास्ट ट्रेन को मिला हुआ है। बहुत से लोग सोच रहे होंगे कि नई पीढ़ी की ट्रेनें क्यों नहीं यह मुकुट जीत पाईं? जवाब इस ट्रेन की गति, नेटवर्क और ऐतिहासिक प्रतिष्ठा में छिपा है।
अगर आपने राजधानी एक्सप्रेस का नाम सोचा है, तो आप सही हैं। दिल्ली को देश के विभिन्न महत्वपूर्ण मेट्रो शहरों और राज्य की राजधानियों से जोड़ने वाली यह तेज़ रफ़्तार ट्रेन भारतीय रेलवे के मुकुट का सबसे चमकदार हीरा है।
यही वजह है कि यह ट्रेन है भारत की ‘रानी’
- गति का ताज: राजधानी एक्सप्रेस देश की सबसे तेज़ गति वाली ट्रेनों में से एक है। अपनी गति के कारण ही यह सुपरफास्ट ट्रेन की श्रेणी में बनी हुई है।
- दिल्ली कनेक्शन: यह ट्रेन नई दिल्ली को कोलकाता, मुंबई, चेन्नई, बेंगलुरु सहित कई प्रमुख शहरों से जोड़ती है। इसके नाम में ही एक ‘राजधानी’ का जुड़ाव छिपा है।
- शाही यात्रा: राजधानी एक्सप्रेस में यात्रा करना सिर्फ गंतव्य तक पहुँचना नहीं, बल्कि एक ‘शाही यात्रा’ माना जाता है। देश की लग्जरी ट्रेनों की सूची में भी यह ट्रेन अग्रणी है। इसकी बेहतरीन सेवा और आरामदायक सफर इसे यात्रियों के बीच खास सम्मान दिलाता है।
यह ट्रेन कई रूटों पर चलती है। राजधानी एक्सप्रेस भारतीय रेलवे की आधुनिक सेवा का एक उज्ज्वल उदाहरण है, जिसने दशकों से भारतीय रेलवे के ताज पर ‘राजा का आसन’ बनाए रखा है।