भाजपा विधायक संजय पाठक पर शिकंजा! हाईकोर्ट ने विधानसभा सचिव के जरिए नोटिस तामील करने का दिया आदेश, जेल में बंद हिस्ट्रीशीटर ने लगाए गंभीर आरोप
मध्य प्रदेश के कटनी जिले की विजयराघवगढ़ विधानसभा सीट से भाजपा विधायक संजय पाठक पर कानूनी दबाव लगातार बढ़ रहा है। हाईकोर्ट ने जेल में बंद हिस्ट्रीशीटर अब्दुल रज्जाक द्वारा लगाए गए गंभीर आरोपों को संज्ञान में लिया है और अब विधानसभा सचिव के माध्यम से विधायक को नोटिस तामील करने का आदेश दिया है।
रज्जाक का आरोप: ‘विधायक के दबाव में हुए झूठे मुकदमे’
अगस्त 2021 से जेल में बंद अब्दुल रज्जाक ने अपने हलफनामे में दावा किया है कि व्यावसायिक प्रतिस्पर्धा के चलते पुलिस ने उनके खिलाफ कार्रवाई की। उनका आरोप है कि विधायक संजय पाठक के दबाव में उनके खिलाफ झूठे केस दर्ज करवाए गए हैं। याचिकाकर्ता ने दावा किया कि उनकी आपराधिक फाइलों के पीछे राजनीतिक प्रभाव और औद्योगिक हित जुड़े हुए थे।
कोर्ट ने बदली नोटिस प्रक्रिया
हाईकोर्ट ने पहले भी विधायक को नोटिस जारी किया था, लेकिन उनके घर पर मौजूद न होने की वजह से नोटिस तामील नहीं हो सका था। इसके बाद जस्टिस विवेक अग्रवाल और जस्टिस राजकुमार चौबे की बेंच ने सख्त रुख अपनाते हुए आदेश दिया कि “नोटिस विधानसभा सचिव के माध्यम से भेजकर तामील कराया जाए।” मामले की अगली सुनवाई 15 दिसंबर को होगी।
विधायक पर जज को फोन करने का प्रयास और अन्य आरोप
विजयराघवगढ़ विधायक संजय पाठक पहले से ही कई विवादों में घिरे रहे हैं। उन पर सहारा जमीन घोटाला, आदिवासियों की जमीन हड़पने और अवैध खनन के गंभीर आरोप लगे हैं। हाल ही में, एक हाईकोर्ट जज ने अदालत में खुलासा किया था कि संजय पाठक ने सुनवाई से पहले उन्हें फोन करने की कोशिश की थी। इस घटना के बाद जज ने खुद को उस केस से अलग कर लिया था।