नहाते समय कान में पानी घुस गया है? भूलकर भी ऊँगली न डालें! बहरेपन से बचने के लिए जानें ५ सुरक्षित घरेलू उपाय!
नहाते समय या तैरते समय कान में पानी चला जाना एक सामान्य समस्या है। लेकिन अगर यह सामान्य समस्या लंबे समय तक बनी रहे, तो कान में तेज दर्द, मवाद, खुजली और यहाँ तक कि बहरापन का कारण भी बन सकती है। कान में पानी जाने पर कई लोग ऊँगली डालकर पानी निकालने की कोशिश करते हैं, जो कभी-कभी और अधिक खतरा पैदा करता है और संक्रमण का जोखिम बढ़ाता है। इसलिए, यहाँ कुछ आसान और सुरक्षित तरीके दिए गए हैं, जिनके माध्यम से कान में जमा पानी को बाहर निकाला जा सकता है।
कान से पानी निकालने के ५ आसान तरीके:
१. एक पैर से कूदना: जिस कान में पानी गया है, उस ओर सिर झुकाकर एक पैर ऊपर उठाकर कुछ बार कूदें। इस झटके या गुरुत्वाकर्षण बल के कारण कान से पानी बाहर निकल आएगा।
२. साँस लेने की तकनीक (Valsalva Manoeuvre): एक लंबी साँस लें, फिर ऊँगली से नाक को बंद करके बंद नाक से ही साँस छोड़ने की कोशिश करें। इससे कान के अंदर हवा के दबाव (यूस्टेशियन ट्यूब के माध्यम से) से पानी बाहर आ सकता है।
३. कान को खींचना: सिर को एक तरफ झुकाकर कान के निचले हिस्से या कान की बाली को हल्के से खींचने से अंदर का पानी बाहर आ सकता है।
४. भाप लेना (स्टीम): कान में पानी जाने पर कई बार ऑडिटरी ट्यूब (यूस्टेशियन ट्यूब) बंद हो जाती है। गर्म पानी की भाप इस ट्यूब को खोलने में मदद करती है। एक कटोरे में गर्म पानी लें, उसके ऊपर सिर रखें, तौलिये से ढक दें और १०-१५ मिनट तक भाप लें। इससे कान के अंदर का पानी सूख जाएगा।
५. हथेली से दबाव: जिस कान में पानी गया है, उस ओर सिर झुकाकर कान पर हाथ की हथेली रखें। अब दबाव डालकर तुरंत हाथ हटा लें। इस विधि से बने वैक्यूम के कारण पानी आसानी से बाहर निकल सकता है।
डॉक्टर से कब सलाह लें?
यदि इन तरीकों से भी पानी नहीं निकलता है और दो-तीन दिनों के भीतर दर्द, मवाद या कोई अन्य समस्या दिखाई देती है, तो बिना देर किए डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए। क्योंकि कान में पानी जमा होने से संक्रमण का खतरा (जैसे- ‘तैराक का कान’) रहता है।