गांव प्यासे हैं और आपको बोतल बंद पानी की फिक्र है

गांव प्यासे हैं और आपको बोतल बंद पानी की फिक्र है

सुप्रीम कोर्ट ने बोतलबंद पानी के अंतरराष्ट्रीय मानकों की मांग वाली याचिका को ‘लग्जरी मुकदमा’ करार देते हुए खारिज कर दिया। जस्टिस सूर्यकांत ने सख्त लहजे में कहा कि जहां देश की बड़ी आबादी को बुनियादी पीने का पानी मयस्सर नहीं है, वहां ऐसी मांगें जमीनी हकीकत से परे हैं।

अदालत ने टिप्पणी की कि गांवों में लोग आज भी जमीन का पानी पीते हैं। बेंच ने स्पष्ट किया कि शहरी सोच के बजाय उन लोगों की चिंता प्राथमिकता होनी चाहिए जिन्हें आज भी साफ पानी नहीं मिल रहा है। बुनियादी जरूरतों के अभाव में ऐसी सुविधाएं गौण हैं।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *