भारत-अमेरिका डील में खेल! व्हाइट हाउस ने चुपचाप बदली शर्तें, दाल और कृषि उत्पादों पर सस्पेंस!

भारत और अमेरिका के बीच होने वाले ऐतिहासिक व्यापार समझौते को लेकर एक बड़ी खबर आ रही है। अमेरिकी राष्ट्रपति कार्यालय ‘व्हाइट हाउस’ ने ९ फरवरी को जारी किए गए समझौते के फैक्टशीट (तथ्यपत्र) में रातों-रात बड़े बदलाव कर दिए हैं। इस संशोधन में कृषि उत्पादों और दालों के आयात-निर्यात से जुड़ी महत्वपूर्ण शर्तों को हटा दिया गया है, जिससे विशेषज्ञों के बीच अटकलें तेज हो गई हैं।
‘प्रतिबद्धता’ की जगह ‘इच्छा’: शब्दों का बड़ा फेरबदल शुरुआती दस्तावेज में कहा गया था कि भारत ५०० बिलियन डॉलर (करीब ४५ लाख करोड़ रुपये) के अमेरिकी सामान खरीदने के लिए ‘प्रतिबद्ध’ (Committed) है। लेकिन नए संशोधित वर्जन में इसे बदलकर ‘खरीदने की इच्छा’ (Intention) कर दिया गया है। इसके अलावा, इस भारी-भरकम खरीद सूची से ‘कृषि’ शब्द को पूरी तरह हटा दिया गया है।
डिजिटल टैक्स और रूसी तेल पर स्थिति व्हाइट हाउस ने पहले कहा था कि भारत अपना ‘डिजिटल सर्विस टैक्स’ खत्म कर देगा, लेकिन संशोधित पत्र से इस लाइन को भी हटा दिया गया है। हालांकि, रूसी तेल खरीद और टैरिफ (शुल्क) से जुड़ी शर्तों में कोई बदलाव नहीं किया गया है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप भारतीय आयात पर २५% अतिरिक्त शुल्क हटाने पर सहमत हुए हैं, बशर्ते भारत रूस से तेल खरीदना बंद कर दे। केंद्रीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल के अनुसार, इस बहुप्रतीक्षित समझौते पर मार्च के मध्य में हस्ताक्षर होने की संभावना है।