असम में कांग्रेस को लगा 440 वोल्ट का झटका! सीएम हिमंत का बड़ा खुलासा, बीजेपी में शामिल होंगे भूपेन बोराह

असम में विधानसभा चुनाव से पहले विपक्षी खेमे में भारी उथल-पुथल मच गई है। कांग्रेस के कद्दावर नेता और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष भूपेन बोराह ने आखिरकार भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में शामिल होने का मन बना लिया है। मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने खुद इस खबर की पुष्टि करते हुए बताया कि आगामी 22 फरवरी को भूपेन बोराह आधिकारिक रूप से भाजपा की सदस्यता ग्रहण करेंगे। यह कदम असम की राजनीति में कांग्रेस के अस्तित्व पर बड़ा सवालिया निशान खड़ा कर रहा है।
इस्तीफे से शुरू हुई बात: भूपेन बोराह पिछले कुछ समय से पार्टी नेतृत्व से नाराज चल रहे थे। उन्होंने सार्वजनिक रूप से आरोप लगाया था कि कांग्रेस हाईकमांड उन्हें नजरअंदाज कर रहा है। आत्मसम्मान की रक्षा की बात कहते हुए उन्होंने पार्टी के सभी पदों से इस्तीफा दे दिया था। हालांकि, राहुल गांधी और गौरव गोगोई ने उन्हें मनाने की पूरी कोशिश की, लेकिन बोराह ने अपने फैसले को पलटने से इनकार कर दिया।
मुख्यमंत्री से मुलाकात और फैसला: मंगलवार को भूपेन बोराह ने मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा से लंबी बातचीत की। इस मुलाकात के बाद मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि बोराह अब भाजपा परिवार का हिस्सा बनने जा रहे हैं। सरमा ने कहा, “भूपेन जी के साथ हमारी विस्तृत चर्चा हुई है। वह २२ फरवरी को भाजपा में शामिल होंगे और उनके साथ कांग्रेस के कई अन्य जिला स्तर के नेता और कार्यकर्ता भी भगवा चोला पहनेंगे।”
कांग्रेस के लिए भविष्य की चुनौती: भूपेन बोराह का जाना कांग्रेस के लिए केवल एक नेता का जाना नहीं, बल्कि असम में पार्टी की सांगठनिक शक्ति का बिखरना है। करीब 30 वर्षों तक पार्टी की सेवा करने वाले नेता का चुनाव से ठीक पहले साथ छोड़ना यह दर्शाता है कि कांग्रेस के भीतर सब कुछ ठीक नहीं है। मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि वे पूर्वोत्तर की राजनीति के असली चाणक्य हैं। अब नजरें २२ फरवरी पर टिकी हैं, जब यह बड़ा फेरबदल औपचारिक रूप से संपन्न होगा।