दाल बनाते समय क्या आप भी करते हैं ये गलती? शरीर को नहीं मिल पा रहा पूरा प्रोटीन!

भारतीय खाने में दाल को प्रोटीन का सबसे बड़ा स्रोत माना जाता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि जिस दाल को आप सेहत के लिए खा रहे हैं, वह आपके पकाने के गलत तरीके से ‘बेअसर’ हो सकती है? अधिकांश घरों में दाल पकाते समय कुछ ऐसी बुनियादी गलतियां की जाती हैं, जिससे उसके जरूरी मिनरल्स और विटामिन्स खत्म हो जाते हैं।
सबसे बड़ी गलती: दाल को न भिगोना। दाल में फाइटिक एसिड और टैनिन जैसे तत्व होते हैं जो शरीर को आयरन और जिंक सोखने से रोकते हैं। अगर आप दाल को ३० से ६० मिनट तक नहीं भिगोते हैं, तो यह तत्व खत्म नहीं होते और दाल पचने में भारी हो जाती है, जिससे गैस की समस्या होती है।
नमक का गलत इस्तेमाल: दाल उबालते समय नमक डालने से वह सख्त हो जाती है और पकने में ज्यादा समय लेती है। ज्यादा देर तक आंच पर रहने से दाल के सूक्ष्म पोषक तत्व (Micronutrients) नष्ट हो जाते हैं। हमेशा दाल पकने के बाद ही नमक डालें। साथ ही, दाल को धोने के बाद जिस साफ पानी में भिगोया गया है, उसी का इस्तेमाल खाना बनाने में करें क्योंकि उसमें कई घुलनशील विटामिन होते हैं।
तड़के का सही समय: अक्सर लोग शुरू में ही मसाले डाल देते हैं, जिससे दाल का स्वाद और पोषण दोनों प्रभावित होते हैं। तड़का हमेशा अंत में लगाना चाहिए। इसके अलावा, उबलती हुई दाल में कभी भी ठंडा पानी न डालें, हमेशा गर्म पानी का ही उपयोग करें ताकि दाल की बनावट खराब न हो। इन छोटे-छोटे बदलावों से आप दाल का शत-प्रतिशत पोषण प्राप्त कर सकते हैं।