धरने के बीच नारेबाजी देख खोया आपा, ममता बोलीं- “बीजेपी की दलाली बंद करो, यहाँ राजनीति मत करो

कोलकाता के धर्मतला में मतदाता सूची विवाद को लेकर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का धरना चल रहा था, तभी अचानक वहाँ पारा शिक्षकों (Para Teachers) के एक समूह ने अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। पोस्टर और बैनर लेकर पहुंचे शिक्षकों को देख ममता बनर्जी मंच से ही बिफर पड़ीं। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा कि यह उनकी मांगों को उठाने की जगह नहीं है और उन्हें यहाँ से तुरंत चले जाना चाहिए।
“मोदी-शाह को जाकर दिखाओ अपना प्रदर्शन”: मुख्यमंत्री ने प्रदर्शनकारियों को फटकार लगाते हुए कहा, “राजनीति करनी है तो कहीं और जाओ। जाओ मोदी को दिखाओ, अमित शाह को जाकर दिखाओ। यहाँ एसआईआर (SIR) के मुद्दे पर महत्वपूर्ण विरोध चल रहा है और आप बीजेपी के इशारे पर यहाँ बाधा डाल रहे हैं।” उन्होंने आगे कहा कि वह किसी का अपमान नहीं करना चाहतीं, लेकिन शांति भंग करने वालों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ममता के आदेश के तुरंत बाद पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को वहां से हटा दिया।
चुनाव आयोग पर बोला हमला: पारा शिक्षकों पर गुस्सा उतारने के साथ ही ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग को भी ‘बीजेपी का दलाल’ करार दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि वोटर लिस्ट में धांधली की गई है और लाखों जीवित लोगों को मृत घोषित कर दिया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि वह शनिवार सुबह तक धरने पर बैठी रह सकती हैं। गौरतलब है कि रविवार को चुनाव आयोग की फुल बेंच बंगाल के दौरे पर आ रही है, और उससे पहले ममता का यह रुख राज्य की सियासत में बड़ा बवाल खड़ा कर सकता है।