सावधान! घर में कितने गैस सिलेंडर रखना है कानूनी? नियम तोड़ा तो हो सकती है ७ साल की जेल

देश में एलपीजी (LPG) गैस की कमी की अफवाहों के बीच लोग तेजी से सिलेंडर जमा करने में जुटे हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि घर में जरूरत से ज्यादा गैस सिलेंडर रखना आपको जेल की सलाखों के पीछे पहुंचा सकता है? भारत में गैस सिलेंडरों के भंडारण और सुरक्षा को लेकर बेहद कड़े कानून हैं, जिनका उल्लंघन करना भारी पड़ सकता है।
क्या है कानूनी सीमा? भारतीय कानून और ‘गैस सिलेंडर रूल्स २०१६’ के अनुसार, एक सामान्य घरेलू उपभोक्ता अपने पास अधिकतम दो १४.२ किलो के एलपीजी सिलेंडर रख सकता है। इसमें से एक इस्तेमाल के लिए और दूसरा बैकअप के तौर पर रखने की अनुमति है। इससे ज्यादा सिलेंडर बिना लाइसेंस या मंजूरी के रखना अवैध माना जाता है। चूंकि एलपीजी एक अत्यधिक ज्वलनशील पदार्थ है, इसलिए सुरक्षा के मद्देनजर यह सीमा तय की गई है।
जमाखोरी (Hoarding) पर मिलेगी कड़ी सजा एलपीजी को ‘आवश्यक वस्तु अधिनियम’ के तहत रखा गया है। यदि कोई व्यक्ति गैस की कमी का फायदा उठाकर भारी मात्रा में सिलेंडर जमा करता है या कालाबाजारी करने की कोशिश करता है, तो प्रशासन सख्त कार्रवाई कर सकता है।
- सजा: दोषी पाए जाने पर ३ महीने से लेकर ७ साल तक की कैद हो सकती है।
- जुर्माना: जेल के साथ-साथ भारी जुर्माना भी लगाया जा सकता है।
- जब्ती: कानून की धारा ६ए के तहत, अधिकारी अवैध रूप से रखे गए सभी सिलेंडरों को जब्त कर सकते हैं।
प्रशासन अब गैस एजेंसियों और संदिग्ध ठिकानों पर निगरानी बढ़ा रहा है। जानकारों का कहना है कि पैनिक बाइंग से बाजार में कृत्रिम कमी (Artificial Shortage) पैदा होती है, जो समाज के लिए खतरनाक है। इसलिए सुरक्षित रहें और केवल जरूरत के अनुसार ही गैस का उपयोग करें।