‘जीवन का असली अर्थ समझ गया हूं’, प्रेमानंद महाराज का शिष्य बनने के लिए घर से भागा किशोर
मशहूर संत प्रेमानंद जी महाराज की भक्ति और उनके प्रवचनों का असर अब युवाओं पर गहराई से दिखने लगा है। मध्य प्रदेश के इंदौर से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां 16 साल का एक नाबालिग लड़का महाराज का शिष्य बनने के लिए अपना घर छोड़कर वृंदावन के लिए निकल पड़ा। लड़का घर से यह कहकर निकला था कि वह क्रिकेट खेलने जा रहा है, लेकिन जब वह देर शाम तक वापस नहीं लौटा, तो परिजनों को उसके स्कूल बैग से एक चिट्ठी मिली, जिसने सबके होश उड़ा दिए।
अपनी चिट्ठी में किशोर ने लिखा है, “मैंने जीवन का असली अर्थ समझ लिया है। मैं प्रेमानंद महाराज की सेवा करने और उनका शिष्य बनने वृंदावन जा रहा हूं। मैंने मां के बैग से 500 रुपये लिए हैं, जिसे मेरे दोस्त बाद में लौटा देंगे।” परिजनों के मुताबिक, वह काफी समय से महाराज के सत्संग के वीडियो देख रहा था और अक्सर वैराग्य की बातें करता था।
इंदौर के एडिशनल डीसीपी राजेश दंडोतिया ने बताया कि खजराना थाना क्षेत्र में गुमशुदगी की एफआईआर दर्ज कर ली गई है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है ताकि लड़के की लोकेशन का पता लगाया जा सके। गौरतलब है कि वृंदावन के राधा केली कुंज के संत प्रेमानंद जी महाराज आज के समय में करोड़ों लोगों के प्रेरणास्रोत हैं। पुलिस को अंदेशा है कि लड़का ट्रेन या बस के जरिए मथुरा-वृंदावन पहुंचने की कोशिश कर रहा है।