‘समय की कमी’ का हवाला! राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से नहीं मिल पाएंगे टीएमसी सांसद, आवेदन खारिज
पश्चिम बंगाल में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के हालिया दौरे को लेकर जारी विवाद अब और गहरा गया है। राष्ट्रपति से मिलने के लिए तृणमूल कांग्रेस (TMC) के सांसदों द्वारा दिए गए आवेदन को राष्ट्रपति भवन ने ‘समय की कमी’ बताते हुए खारिज कर दिया है। गुरुवार को इस फैसले की जानकारी सामने आने के बाद टीएमसी और केंद्र सरकार के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है। हालांकि, टीएमसी ने हार नहीं मानी है और अगले हफ्ते के लिए फिर से समय मांगा है।
विवाद तब शुरू हुआ था जब राष्ट्रपति ने सिलीगुड़ी में अपने स्वागत के लिए राज्य के किसी मंत्री के मौजूद न रहने पर सवाल उठाए थे। उन्होंने राज्य में केंद्रीय योजनाओं के लाभ आदिवासियों तक न पहुँचने को लेकर भी चिंता जताई थी। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इन बयानों को ‘राजनीतिक’ करार दिया था। टीएमसी का प्रतिनिधिमंडल राष्ट्रपति को बंगाल सरकार की आदिवासी कल्याण योजनाओं के बारे में जानकारी देना चाहता था, लेकिन फिलहाल उन्हें ‘अपॉइंटमेंट’ नहीं मिला है।
भाजपा ने इसे टीएमसी की ‘संवैधानिक मर्यादा का अपमान’ बताया है, जबकि टीएमसी नेता जयप्रकाश मजूमदार का कहना है कि वे अभी भी चर्चा के लिए आशान्वित हैं। दिल्ली के गलियारों में अब सबकी नजरें इस पर हैं कि क्या अगले हफ्ते राष्ट्रपति भवन टीएमसी को मिलने की अनुमति देता है या यह संवैधानिक गतिरोध और बढ़ता है।