एलपीजी संकट से राहत! 90,000 टन गैस लेकर भारत आ रहे हैं दो विशाल जहाज, ईरान ने दी मंजूरी

देश में रसोई गैस (LPG) की बढ़ती मांग और आपूर्ति की कमी को दूर करने के लिए केंद्र सरकार ने बड़ी सफलता हासिल की है। दो विशाल भारतीय जहाज, ‘BW Tyre’ और ‘GREEN SANVI’, फारस की खाड़ी से भारत के लिए रवाना हो चुके हैं। प्रत्येक जहाज में 45,000 मीट्रिक टन से अधिक लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस (LPG) लदी है। कुल 90,000 मीट्रिक टन गैस की यह खेप अगले कुछ दिनों में भारतीय बंदरगाहों पर पहुंचने वाली है।
सामरिक महत्व: ईरान और इजरायल के बीच जारी तनाव के कारण हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से गुजरना खतरनाक बना हुआ है। हालांकि, भारत और ईरान के मजबूत रिश्तों के कारण भारतीय जहाजों को विशेष अनुमति मिली है। विशेषज्ञों का मानना है कि जहां दुनिया के कई देश ईंधन संकट से जूझ रहे हैं, वहीं भारत अपनी कूटनीति के जरिए घरेलू आपूर्ति सुनिश्चित करने में सफल रहा है।
आपूर्ति होगी सामान्य: पिछले कुछ समय से घरेलू और औद्योगिक गैस सिलेंडरों की डिलीवरी में हो रही देरी अब समाप्त होने की उम्मीद है। इन जहाजों के आने से स्टॉक में सुधार होगा और बाजार में स्थिरता आएगी। पेट्रोलियम मंत्रालय स्थिति पर नजर बनाए हुए है ताकि युद्ध की स्थिति में भी देश के आम आदमी की रसोई पर कोई आंच न आए।