“ममता अब सिम्पैथी कार्ड खेल रही हैं”—जेल जाने की हुंकार पर मुख्यमंत्री को दिलीप घोष ने आड़े हाथों लिया

पश्चिम बंगाल में चुनाव प्रचार के बीच भाजपा के दिग्गज नेता और खड़गपुर सदर से उम्मीदवार दिलीप घोष ने आज सुबह खड़गपुर के सांजोआल इलाके में जमकर प्रचार किया। इस दौरान उन्होंने आईपैक (I-PAC) के सह-संस्थापक की गिरफ्तारी और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के बयानों पर तीखी प्रतिक्रिया दी।
आईपैक के सह-संस्थापक बिनेश चांडेल की कोयला तस्करी मामले में ईडी द्वारा गिरफ्तारी पर दिलीप घोष ने कहा, “बंगाल में कोयला और मवेशी तस्करी कोई नई बात नहीं है। अब जांच में तेजी आई है और यह अवैध पैसा राजनीति से लेकर व्यापार तक हर जगह फैला हुआ है। इसी पैसे का इस्तेमाल डरा-धमकार चुनाव जीतने के लिए किया जाता है।” अभिषेक बनर्जी के आरोपों का जवाब देते हुए घोष ने कहा कि गिरफ्तारी के लिए कोई शुभ मुहूर्त या ‘तिथि-नक्षत्र’ नहीं देखा जाता; जब सबूत मिलेंगे, जांच एजेंसियां कार्रवाई करेंगी, चाहे वह चुनाव का दिन ही क्यों न हो।
वहीं, ममता बनर्जी के “मुझे जेल में डाल दो या गोली मार दो” वाले बयान पर कटाक्ष करते हुए दिलीप घोष ने कहा, “ममता जी अब सिम्पैथी कार्ड खेल रही हैं। हाथ-पैर में पट्टी बांधकर अब वोट नहीं मिल रहा, इसलिए अब वे जेल और मौत का डर दिखाकर लोगों की सहानुभूति बटोरने की कोशिश कर रही हैं।” उन्होंने भवानीपुर और खड़गपुर में भाजपा के पोस्टर फाड़े जाने की घटनाओं की भी कड़ी निंदा की। ओवैसी के बयान ‘मोदी-ममता एक ही सिक्के के दो पहलू हैं’ पर पलटवार करते हुए घोष ने कहा कि बंगाल में ओवैसी का वजूद ही क्या है, उनके सर्टिफिकेट की हमें जरूरत नहीं है। दिलीप घोष ने दावा किया कि बंगाल भ्रष्टाचार के अंधेरे में डूबा है और भाजपा की जीत ही इसे मुक्त करेगी।