संविधान शिल्पी को नमन! बाबा साहेब की १३५वीं जयंती पर पीएम मोदी और राष्ट्रपति मुर्मू ने दी श्रद्धांजलि!

भारतीय संविधान के मुख्य शिल्पकार डॉ. बी आर अंबेडकर की १३५वीं जयंती के अवसर पर आज पूरा देश उन्हें नमन कर रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बाबा साहेब को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि राष्ट्र निर्माण में उनके प्रयास और संघर्ष हमें गहराई से प्रेरित करते हैं। पीएम मोदी ने लिखा, “बाबा साहेब अंबेडकर की जयंती पर उन्हें मेरा प्रणाम। उनका जीवन और कार्य आने वाली पीढ़ियों को एक न्यायपूर्ण और प्रगतिशील समाज बनाने के लिए प्रेरित करता रहेगा।”
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने भी देशवासियों को इस अवसर पर शुभकामनाएं दीं और बाबा साहेब के बहुआयामी व्यक्तित्व को याद किया। राष्ट्रपति ने उन्हें एक महान समाज सुधारक, अर्थशास्त्री और न्यायविद बताते हुए कहा कि उन्होंने अपना पूरा जीवन समाज के वंचित और कमजोर वर्गों के उत्थान के लिए समर्पित कर दिया। राष्ट्रपति मुर्मू ने विशेष रूप से महिला शिक्षा और उनके अधिकारों के प्रति अंबेडकर के ऐतिहासिक योगदान को रेखांकित किया।
डॉ. अंबेडकर, जिन्हें प्यार से ‘बाबा साहेब’ कहा जाता है, स्वतंत्र भारत के पहले कानून और न्याय मंत्री थे। मध्य प्रदेश के एक गरीब दलित परिवार में जन्मे अंबेडकर ने सामाजिक छुआछूत के खिलाफ जो मशाल जलाई, उसी ने आधुनिक भारत की नींव रखी। १९९० में उन्हें मरणोपरांत भारत के सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘भारत रत्न’ से नवाजा गया था। आज उनके आदर्शों को अपनाकर एक समावेशी और समृद्ध भारत बनाने की शपथ ली जा रही है।