PM मोदी ने सुनाया ‘मिसाइल मैन’ कलाम का पहला ट्रेन सफर गरीबी में किया था लंबा सफर, जानें कैसे बदल गई ज़िंदगी?
पूर्व राष्ट्रपति, वैज्ञानिक और ‘पीपुल्स प्रेसिडेंट’ के नाम से मशहूर डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम की जयंती के अवसर पर देश ने उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि दी। इसी मौके पर, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कलाम के जीवन की एक अविस्मरणीय ट्रेन यात्रा का स्मरण किया, जो उनके लिए ‘आँखें खोलने वाला अनुभव’ साबित हुई थी।
‘मिसाइल मैन’ को याद करते हुए, ‘मोदी आर्काइव’ नामक एक लोकप्रिय सोशल मीडिया हैंडल ने गुजरात के तत्कालीन मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी के २००५ के एक पुराने भाषण को साझा किया है। ५ मई २००५ के इस वीडियो में, तत्कालीन सीएम मोदी ने एक लेख का जिक्र किया, जिसमें डॉ. कलाम के पहले सफर का विवरण था।
कलाम, रामेश्वरम से दिल्ली में अपने पहले नौकरी के इंटरव्यू के लिए निकले थे। उस समय उनकी आर्थिक स्थिति ठीक नहीं थी, जिसके कारण उन्हें लोकल ट्रेन से कई दिनों तक सफर करना पड़ा था। इस लंबी यात्रा के दौरान, उन्हें विभिन्न पृष्ठभूमि के लोगों से मिलने और ‘एक नया अनुभव’ प्राप्त करने का अवसर मिला।
तत्कालीन मुख्यमंत्री मोदी ने उस अनुभव को याद करते हुए कहा था, “इस अनुभव ने उन्हें देश के विभिन्न हिस्सों में मौजूद विभिन्न संस्कृतियों, भाषाओं और बोलियों के बारे में जागरूक किया। उनकी पहली ट्रेन यात्रा ने उन्हें भारत की विविध और जटिल विरासत और परंपराओं से समृद्ध किया।”
गौरतलब है कि डॉ. कलाम की जयंती को ‘विश्व छात्र दिवस’ (World Students’ Day) के रूप में भी मनाया जाता है, क्योंकि उनका मानना था कि शिक्षा स्थायी परिवर्तन लाने का सबसे शक्तिशाली उपकरण है।