. पड़ोसी राज्यों के प्रतिनिधि भी ले रहे जानकारी, योगी सरकार के किस फॉर्मूले से यूपी बना आयुष्मान भारत योजना में अव्वल?
उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो (UPITS 2025) में राज्य की स्वास्थ्य सेवाएं आकर्षण का केंद्र रहीं। जिस उत्तर प्रदेश को आठ साल पहले ‘बीमारू राज्य’ के नाम से जाना जाता था, आज उसी प्रदेश की उत्तम स्वास्थ्य सेवाओं की जानकारी लेने के लिए लोग, खासकर पड़ोसी राज्यों के प्रतिनिधि, उत्सुक दिखे ताकि वे इस मॉडल को अपने यहां लागू कर सकें।
ट्रेड शो के हॉल नंबर 4 में स्टेट एजेंसी फॉर कॉम्प्रिहेंसिव हेल्थ एंड इंटीग्रेटेड सर्विसेज (साचीज़) ने आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (PMJAY) के तहत उत्तर प्रदेश की ऐतिहासिक उपलब्धियों को प्रदर्शित किया। साचीज़ के अनुसार, राज्य ने अब तक लगभग 9 करोड़ लक्षित लाभार्थियों में से 5.38 करोड़ आयुष्मान कार्ड बना लिए हैं। यह एक ऐतिहासिक उपलब्धि है, जिसके साथ उत्तर प्रदेश पूरे देश में इस मामले में प्रथम स्थान पर है।
निवेशकों को बड़ा आमंत्रण
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की नीतियों के परिणामस्वरूप, यूपी में स्वास्थ्य सेवाओं में तेजी से सुधार आया है। 87 प्रतिशत पात्र परिवारों में से कम से कम एक सदस्य का आयुष्मान कार्ड बन चुका है।
साचीज़ की सीईओ अर्चना वर्मा ने जोर देकर कहा कि आयुष्मान भारत योजना ने गरीब परिवारों को मुफ्त इलाज दिया है और उनकी जिंदगियों में सकारात्मक परिवर्तन लाए हैं। उन्होंने रेखांकित किया कि उत्तर प्रदेश में स्वास्थ्य क्षेत्र में निवेश की बड़ी संभावनाएं हैं और यह देश के सबसे बड़े स्वास्थ्य बाजार के रूप में उभर रहा है। मुख्यमंत्री ने अस्पतालों, चिकित्सा उपकरण निर्माताओं और औषधि उद्योग से जुड़े निवेशकों को प्रदेश में निवेश के लिए आमंत्रित किया, उन्हें हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया।
यूपी अब न केवल सशक्त स्वास्थ्य बुनियादी ढांचे के निर्माण की दिशा में आगे बढ़ रहा है, बल्कि यह निवेशकों के लिए भी एक आकर्षक गंतव्य बन चुका है।