यौन शोषण मामले में शिकंजा, बाबा चैतन्यानंद को ‘टॉर्चर रूम’ लेकर पहुंची दिल्ली पुलिस, 16 पीड़िताओं के डिजिटल सबूत मिले
यौन शोषण के गंभीर मामले में आरोपी स्वघोषित धर्मगुरु चैतन्यानंद पर दिल्ली पुलिस का शिकंजा कसता जा रहा है। रविवार को पटियाला हाउस कोर्ट ने बाबा को 5 दिन की पुलिस हिरासत में भेजा था। इसके बाद, सोमवार तड़के दिल्ली पुलिस की टीम बाबा को उस इंस्टिट्यूट लेकर पहुंची, जहां कथित तौर पर छात्राओं का यौन शोषण किया जाता था।
‘टॉर्चर रूम’ और कैमरों की जांच:
दिल्ली पुलिस सोमवार तड़के चैतन्यानंद को इंस्टिट्यूट के ग्राउंड फ्लोर पर बने ‘टॉर्चर रूम’ में लेकर गई, जहां वह छात्राओं को निजी तौर पर मिलने के लिए बुलाता था। पुलिस ने इंस्टिट्यूट में लगे सीसीटीवी कैमरों की लोकेशन खंगाली और यह देखा कि किन कैमरों की एक्सेस बाबा के पास थी। यह जांच भी की गई कि वह किस प्रकार छात्राओं की गतिविधियों पर नजर रखता था। पुलिस की जांच में यह सामने आया कि बाबा ने बाथरूम तक में कैमरे लगाए थे, जिससे छात्राओं की निजता का गंभीर उल्लंघन होता था।
गैर-जमानती धारा 376(3) जोड़ी गई:
पुलिस का दावा है कि बाबा ने अब तक 16 लड़कियों के साथ यौन शोषण किया है और इसके पुख्ता डिजिटल सबूत भी मौजूद हैं। दिल्ली पुलिस ने इस मामले में एफआईआर में धारा 376(3) जोड़ी है, जो गैर-जमानती अपराध है और हत्या की धमकी जैसे गंभीर अपराधों के लिए लगाई जाती है।
पुलिस ने कोर्ट से बाबा और पीड़िताओं का आमना-सामना कराने और छिपाए गए डिजिटल सबूतों को इकट्ठा करने के लिए हिरासत की मांग की थी। हालांकि, बाबा के वकील ने इसका विरोध करते हुए कहा कि बाबा वरिष्ठ नागरिक और साधु हैं, जिनका स्वास्थ्य ठीक नहीं है और पुलिस उनके साथ ठीक व्यवहार नहीं कर रही है। पुलिस अब डिजिटल सबूतों को मजबूत बनाने के लिए आईपी एड्रेस की भी जांच कर रही है। आने वाले दिनों में और बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।