खुशखबरी! छ्त्तीसगढ़ से देर से विदा होगा मॉनसून, 20 अक्टूबर तक जारी रह सकती है बारिश
देश के कई हिस्सों से जहां मॉनसून (Monsoon) की विदाई शुरू हो चुकी है, वहीं छत्तीसगढ़ में इस बार इसका असर कुछ और दिनों तक दिखाई देगा। मौसम विभाग के अनुसार, प्रदेश में मॉनसून की वापसी सामान्य से लगभग एक सप्ताह देर से होगी और 20 अक्टूबर तक बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है।
सामान्य से विलंब: पिछले पांच वर्षों के आंकड़ों पर गौर करें तो छत्तीसगढ़ से मॉनसून आमतौर पर 12 अक्टूबर के आसपास विदा हो जाता है। लेकिन इस बार इसकी वापसी में देरी हो रही है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि बंगाल की खाड़ी (Bay of Bengal) में बने निम्न दबाव क्षेत्र (low-pressure area) और हवाओं की अनुकूल स्थिति के कारण बादल और बारिश का क्रम फिलहाल जारी रहेगा।
मौसम का बदला मिजाज: मॉनसून की वापसी में देरी से प्रदेश के मौसम का मिजाज भी कुछ अलग बना रहेगा। दिन के समय हल्की धूप और उमस भरी गर्मी (humidity) का एहसास होगा, जबकि शाम और रात के समय हल्की बारिश से ठंडक बढ़ सकती है। कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि यह बारिश धान की फसलों (paddy crops) के लिए लाभकारी साबित होगी, वहीं सब्ज़ी और अन्य फसलों में अतिरिक्त नमी कुछ हद तक नुकसान भी पहुंचा सकती है।
किसानों को फायदा: प्रदेश के कई जिलों में धान की फसल कटाई की तैयारी चल रही है। ऐसे में अतिरिक्त नमी और समय पर हुई बारिश से किसानों को सिंचाई की लागत कम करने में मदद मिलेगी। खासकर उन इलाकों में जहां पानी की कमी महसूस हो रही थी, वहां यह बारिश खेतों के लिए ‘संजीवनी’ साबित होगी।
मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले कुछ दिनों तक प्रदेश के उत्तरी और मध्य हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। दक्षिण छत्तीसगढ़ के कुछ जिलों में कहीं-कहीं तेज़ बौछारें भी पड़ने की संभावना है। 20 अक्टूबर के बाद धीरे-धीरे आसमान साफ़ होना शुरू होगा और ठंडी हवाओं के चलते मौसम में हल्की सर्दाहट का एहसास होने लगेगा।