रोबोटिक सर्जरी से लेकर मुफ्त आयुर्वेद तक, ‘गुजरात ने ऐसे आसान कर दी स्वास्थ्य सेवाओं तक सबकी पहुँच!
प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (PM-JAY) से लेकर मुख्यमंत्री अमृतम योजना तक, गुजरात सरकार स्वास्थ्य सेवा तक लोगों की पहुंच को मजबूत कर रही है। पूरे भारत में लाखों परिवार PM-JAY के तहत ₹५ लाख तक का मुफ्त इलाज पाते हैं, लेकिन गुजरात ने इस कवरेज को दोगुना कर दिया है।
मुख्यमंत्री अमृतम योजना के तहत, गुजरात में अब यह कवरेज बढ़ाकर ₹१० लाख कर दिया गया है, जो राज्य के ज़रूरतमंद मरीजों को व्यापक सुरक्षा प्रदान करता है। गुजरात केवल आर्थिक सुरक्षा ही नहीं, बल्कि तकनीक और पारंपरिक उपचार को भी जोड़ रहा है।
राज्य में रोबोटिक सर्जरी जैसी उन्नत चिकित्सा देखभाल का उपयोग शुरू हो गया है। साथ ही, गांधीनगर में नव विकसित आयुर्वेदिक अस्पताल में आयुष्मान कार्ड के तहत मुफ्त आयुर्वेद और होम्योपैथी उपचार दिया जाता है। एक मरीज अजय चौधरी ने बताया कि इस पहल के तहत प्राकृतिक थेरेपी और हर्बल दवाएं मुफ्त में दी जाती हैं, जबकि एलोपैथिक दवाएं अक्सर महंगी होती हैं।
इसके अलावा, AIIMS राजकोट सौराष्ट्र क्षेत्र में उन्नत चिकित्सा देखभाल का केंद्र बन गया है, जिससे मरीजों को महानगरों तक जाने की ज़रूरत कम हो गई है। AIIMS राजकोट के उप निदेशक लेफ्टिनेंट कर्नल अंकुर प्रताप सिंह ने बताया कि उन्होंने PM-JAY और जन औषधि केंद्र के साथ दो लाख से अधिक आयुष्मान भारत स्वास्थ्य खाते (Abha IDs) भी बनाए हैं, ताकि मरीजों को निर्बाध रूप से उपचार मिल सके। रोबोटिक सर्जरी से आयुर्वेद तक, डिजिटल स्वास्थ्य आईडी से लेकर विस्तारित वित्तीय कवरेज तक, गुजरात एक समावेशी, सुलभ और भविष्य के लिए तैयार स्वास्थ्य सेवा प्रणाली का निर्माण कर रहा है।