उत्सुकता जगाने वाला, ‘₹5 लाख के नुकसान पर HC सख्त! विजय की पार्टी TVK के नेता पर क्यों दर्ज हैं 8 मामले? जानिए पूरा विवाद
मद्रास हाई कोर्ट ने अभिनेता विजय (Vijay) की पार्टी तमिलनाडु वेत्री कड़गम (TVK) के नामक्कल जिला सचिव सतीश कुमार को एक निजी अस्पताल पर कथित हमले के मामले में अग्रिम जमानत (Anticipatory Bail) देने से मना कर दिया है। यह घटना 27 सितंबर को नामक्कल जिले में विजय के राजनीतिक अभियान के दौरान हुई थी, जिसके बाद कुमार पर पुलिस में मामला दर्ज किया गया था।
जस्टिस सेंथिल कुमार ने याचिका खारिज करते हुए सतीश कुमार के नेतृत्व और अपने पार्टी सदस्यों पर नियंत्रण को लेकर कड़ी फटकार लगाई। कोर्ट ने टिप्पणी की कि तमिलनाडु लोक संपत्ति अधिनियम (Tamil Nadu Public Property Act) के तहत आरोप गंभीर हैं और ऐसे मामलों में अग्रिम जमानत नहीं दी जा सकती।
पुलिस ने पेश किए सबूत, कोर्ट ने जताई नाराजगी
सुनवाई के दौरान, पुलिस अभियोजन पक्ष ने सतीश कुमार के खिलाफ एक मजबूत मामला पेश किया। उन्होंने कोर्ट को बताया कि TVK सदस्यों की गतिविधियों के कारण निजी अस्पताल को ₹5 लाख का नुकसान हुआ। इसके अलावा, उन्होंने फोटोग्राफिक सबूत जमा किए और खुलासा किया कि कुमार के खिलाफ सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने से संबंधित कुल आठ मामले पहले से ही दर्ज हैं।
अग्रिम जमानत याचिका में सतीश कुमार ने दावा किया था कि वह निर्दोष हैं और “राजनीतिक कारणों” से उन्हें गलत तरीके से फंसाया जा रहा है क्योंकि वह घटनास्थल पर मौजूद थे। उन्होंने जांच में पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। हालांकि, जज सहमत नहीं थे। जस्टिस सेंथिल कुमार ने तीखे शब्दों में पूछा, “जब पार्टी के सदस्य अपमानजनक गतिविधियों में शामिल थे तो याचिकाकर्ता यह कैसे कह सकता है कि उसे कुछ पता नहीं था?”
अदालत ने फटकार लगाते हुए आगे पूछा, “क्या वे अपने पार्टी सदस्यों को भी नियंत्रित करना नहीं जानते? क्या उन्हें जिम्मेदारी से काम नहीं करना चाहिए?” परिणामस्वरूप, बेंच ने याचिका खारिज कर दी। कोर्ट के इस फैसले से पुलिस जांच आगे बढ़ने के साथ ही कुमार की गिरफ्तारी की संभावना बढ़ गई है।