₹56.44 करोड़ का जुर्माना लगने के बावजूद रिलायंस के शेयरों में उछाल! जेफरीज़ की ‘बाय रेटिंग’ और डबल-डिजिट ग्रोथ है वजह
शुक्रवार को बाजार खुलते ही मुकेश अंबानी की कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड (आरआइएल) के शेयरों की कीमतें तेज़ी से बढ़ने लगीं। दिन के अंत में भी कंपनी के शेयर पिछले दिन के मुकाबले बढ़त के साथ बंद हुए। लेकिन इस जबरदस्त उछाल के बीच रिलायंस इंडस्ट्रीज के लिए एक बुरी खबर भी आई।
अहमदाबाद के सीजीएसटी विभाग के संयुक्त आयुक्त कार्यालय ने रिलायंस को ₹56 करोड़ 44 लाख रुपये का जुर्माना लगाने का नोटिस जारी किया है। रिलायंस इस निर्देश के खिलाफ अपील करने की तैयारी कर रहा है। सवाल यह है कि इस जुर्माने की खबर आने के बावजूद मुकेश अंबानी की कंपनी के शेयरों में इतनी बड़ी वृद्धि क्यों देखी गई?
उछाल के पीछे की ताकत क्या है?
विशेषज्ञों के अनुसार, रिलायंस के शेयर की कीमतों में वृद्धि के पीछे मुख्य कारण अमेरिकन ब्रोकरेज फर्म जेफरीज़ की ‘बाय रेटिंग’ है। जेफरीज़ ने रिलायंस के लिए ₹1,785 का लक्ष्य मूल्य (टारगेट प्राइस) निर्धारित किया है। उनका कहना है कि रिलायंस के तीन मुख्य व्यावसायिक क्षेत्रों—डिजिटल, रिटेल और ऑयल टू केमिकल (O2C)—इन तीनों सेक्टर में दोहरे अंक (डबल डिजिट) की वृद्धि देखी गई है, जो शेयरों की कीमतों को बढ़ाने का एक प्रमुख कारण है।
विशेषज्ञ राजेश भोसले के मुताबिक, रिलायंस के शेयरों की कीमत भविष्य में और बढ़ेगी। ₹1,510 से ₹1,520 के बीच यह शेयर एक मजबूत सपोर्ट ज़ोन प्राप्त करेगा। इसके बाद रिलायंस का टारगेट प्राइस ₹1,700 से ₹1,750 तक जा सकता है।
विशेषज्ञों का यह भी मानना है कि भविष्य में जियो का आईपीओ (IPO) आने और एफएमसीजी (FMCG) व्यवसाय में रिलायंस की नींव मजबूत होने पर इसके शेयरों की कीमतें और बढ़ सकती हैं। और इस तरह की सकारात्मक खबरें ही निवेशकों के विश्वास को मजबूत कर रही हैं।