63 हज़ार वोटर लिस्ट से बाहर! ‘मुझे हराने वाला कोई बीजेपी वाला पैदा नहीं हुआ’, चुनावी चुनौती पर फिरहाद हकीम का दावा

कोलकाता: आगामी विधानसभा चुनावों से पहले, जब राजनीतिक तनाव लगातार बढ़ रहा है, तब उत्तर कोलकाता के मेयर और राज्य के पूर्व शहरी विकास मंत्री फिरहाद हकीम ने खुद को लेकर एक बार फिर आत्मविश्वास से भरा संदेश दिया है। उनका यह आत्मविश्वास चुनावी मुकाबले में भाजपा को सीधी चुनौती देने जैसा है।
हाल ही में, कमीशन सूत्रों से खबर मिली है कि फिरहाद के अपने विधानसभा क्षेत्र कोलकाता पोर्ट से लगभग 63,730 मतदाताओं के नाम वोटर लिस्ट से हटाए जा सकते हैं, जो चुनावी गलियारों के लिए चिंता का विषय है। हालांकि, इस बड़ी चुनौती से फिरहाद हकीम भयभीत नहीं हुए हैं।
BJP को दिया कड़ा संदेश रविवार को अपने विधानसभा क्षेत्र कोलकाता पोर्ट इलाके में एक विशेष कार्यक्रम में भाग लेने के बाद, पत्रकारों से बात करते हुए फिरहाद हकीम ने कहा, “नाम हटाकर भी वे मुझे नहीं हरा पाएंगे। कोलकाता पोर्ट विधानसभा क्षेत्र में मुझे हराएगा, भाजपा का ऐसा कोई अभी तक पैदा नहीं हुआ है।” यह टिप्पणी स्पष्ट रूप से उनके आत्मविश्वास और राजनीतिक दृढ़ता को दर्शाती है।
जनसंपर्क पर पूर्ण भरोसा वोटर लिस्ट को लेकर मिली चुनौती के बावजूद, फिरहाद हकीम अपने काम और जनता के साथ बनाए गए लंबे संबंधों पर पूरी तरह भरोसा कर रहे हैं। उन्होंने कहा, “मैंने मतदाताओं के साथ लंबे समय तक काम किया है, उनकी समस्याओं को समझा है और उनके लिए कई परियोजनाएं लागू की हैं। इसी अनुभव और जनसंपर्क के कारण मैं खुद को अजेय मानता हूँ।”
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि फिरहाद का यह आत्मविश्वास केवल एक राजनीतिक रणनीति नहीं है; यह उनकी लंबे समय से चली आ रही लोकप्रियता और चुनावी ताकत का प्रतिबिंब है। उत्तर कोलकाता केंद्र में फिरहाद हकीम का प्रभाव अभी भी मजबूत है। उन्होंने विभिन्न सामाजिक और ढांचागत विकास परियोजनाओं के माध्यम से आम जनता के बीच अपनी स्थिति मजबूत की है। विशेष रूप से कोलकाता पोर्ट क्षेत्र में उन्होंने उद्योग, बंदरगाह गतिविधियों, परिवहन और नागरिक समस्याओं के समाधान को लंबे समय से अपनी प्राथमिकता बनाया है।