बजट 2026 पर छिड़ी रार और क्या वाकई रिफॉर्म एक्सप्रेस से बदलेगी देश की तस्वीर

केंद्रीय बजट 2026-27 के पेश होते ही विपक्षी दलों ने केंद्र सरकार पर कड़ा प्रहार किया है। कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने भारतीय अर्थव्यवस्था में पिछले एक दशक से अनसुलझी ढांचागत समस्याओं का मुद्दा उठाया है। उन्होंने निजी निवेश की कमी और एफडीआई में आई गिरावट पर चिंता जताते हुए वित्त मंत्री से इन विसंगतियों को दूर करने की मांग की है। वहीं प्रियंका गांधी ने इस बजट से किसी भी तरह की उम्मीद होने से साफ़ इनकार किया है।
शिवसेना (यूबीटी) सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने बढ़ती महंगाई और रोजगार सृजन की चुनौती पर सरकार को घेरा है। उन्होंने सवाल किया कि अगर जीडीपी बढ़ रही है, तो आम आदमी की बचत और आय क्यों नहीं बढ़ रही? इसके विपरीत, केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने इसे एक ऐतिहासिक बजट बताया है। उन्होंने विश्वास जताया कि पीएम की ‘रिफॉर्म एक्सप्रेस’ विकसित भारत के सपने को हकीकत में बदलने का काम करेगी।