भारतीय रेलवे में पैसों की बारिश! मोदी सरकार के ऐतिहासिक बजट से बदलेगी आपकी यात्रा की तस्वीर

भारतीय रेलवे के आधुनिकीकरण और विस्तार की दिशा में केंद्र सरकार ने एक बहुत बड़ा कदम उठाया है। देश के करोड़ों यात्रियों को बेहतर सुविधा प्रदान करने के लिए इस साल रेलवे को ₹2,93,030 करोड़ का रिकॉर्ड बजट आवंटित किया गया है। यह फैसला भारतीय रेल के इतिहास में एक मील का पत्थर साबित होने वाला है।
पिछले साल (2024-25) का आवंटन ₹2,78,030 करोड़ था, जिसकी तुलना में इस साल की राशि में उल्लेखनीय वृद्धि देखी गई है। सरकार का मुख्य ध्यान ‘अमृत भारत स्टेशन’ योजना के तहत रेलवे स्टेशनों को एयरपोर्ट जैसा स्वरूप देने और नई ‘वंदे भारत’ ट्रेनों के जाल को पूरे देश में फैलाने पर है। इसके साथ ही, यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ‘कवच’ तकनीक को बड़े पैमाने पर लागू करने की योजना है।
बजट का एक बड़ा हिस्सा नई पटरियां बिछाने, पुराने पुलों की मरम्मत और सिग्नलिंग सिस्टम को डिजिटल बनाने में खर्च किया जाएगा। सरकार का लक्ष्य है कि माल ढुलाई की लागत को कम किया जाए और यात्री ट्रेनों की औसत गति में सुधार हो। इस भारी निवेश से न केवल रेलवे की कार्यक्षमता बढ़ेगी, बल्कि रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे। आम जनता के लिए यह खबर राहत भरी है, क्योंकि अब रेलवे सफर और भी आधुनिक, सुरक्षित और समयबद्ध होने की उम्मीद है।