“संसद में बच्चों जैसा व्यवहार न करें राहुल गांधी,” स्पीकर के साथ बदसलूकी पर भड़के किरेन रिजीजू
पूर्व थल सेना प्रमुख एम.एम. नरवणे की किताब को लेकर मचे घमासान के बीच केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजीजू ने राहुल गांधी और कांग्रेस पर तीखा प्रहार किया है। रिजीजू ने साफ शब्दों में कहा कि देश की सुरक्षा जैसे संवेदनशील मुद्दे को राजनीति का अखाड़ा बनाना गलत है।
“राहुल को सबक नहीं सिखा सकता” संसद की कार्यवाही में बाधा डालने पर रिजीजू ने कहा, “मैं राहुल गांधी जी को सबक नहीं सिखा सकता। मुझे समझ नहीं आता कि वह किस दुनिया में रहते हैं। कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं को उन्हें समझाना चाहिए कि संसद बच्चों के खेलने की जगह नहीं है। सुरक्षा एक गंभीर विषय है और इसका इस्तेमाल किसी की गरिमा को ठेस पहुंचाने के लिए नहीं किया जाना चाहिए।”
स्पीकर के चैंबर में हंगामे का दावा रिजीजू ने एक गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि मंगलवार को २० से २५ कांग्रेस सांसदों ने लोकसभा स्पीकर के चैंबर में घुसकर उनके साथ बदसलूकी की। उन्होंने कहा, “स्पीकर महोदय बहुत आहत हैं। सांसदों ने उनके चैंबर में जाकर उन्हें अपशब्द कहे। वहां प्रियंका गांधी वाड्रा और के.सी. वेणुगोपाल भी मौजूद थे, जो सांसदों को लड़ने के लिए उकसा रहे थे। स्पीकर नरम दिल इंसान हैं, वरना अब तक सख्त कार्रवाई हो चुकी होती।”
नियमों की अनदेखी राहुल गांधी के उस बयान पर भी रिजीजू ने आपत्ति जताई जिसमें उन्होंने कहा था कि उन्हें बोलने के लिए किसी की अनुमति की जरूरत नहीं है। रिजीजू ने कहा, “सदन में बिना चेयर की अनुमति के कोई नहीं बोल सकता, यहां तक कि प्रधानमंत्री भी अनुमति लेकर ही अपनी बात रखते हैं।” इसी विवाद के चलते स्पीकर ओम बिरला ने बुधवार को सदन की कार्यवाही से दूर रहने का फैसला किया है।