IT और BPO सेक्टर का होगा अंत! अगले 5 वर्षों में AI लाएगा महाक्रांति, दिग्गज निवेशक विनोद खोसला की बड़ी चेतावनी

नई दिल्ली: मशहूर टेक उद्यमी और वेंचर कैपिटलिस्ट विनोद खोसला ने भविष्य की नौकरियों को लेकर एक चौंकाने वाला दावा किया है। ‘इंडिया एआई समिट’ से पहले एक इंटरव्यू में उन्होंने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) अगले कुछ वर्षों में वैश्विक अर्थव्यवस्था और जॉब मार्केट को पूरी तरह से बदल देगा। खोसला के अनुसार, अगले 5 वर्षों में पारंपरिक IT सेवाएं और BPO सेक्टर पूरी तरह से गायब हो सकते हैं, क्योंकि AI इन कामों को इंसानों से बेहतर तरीके से करेगा।
विनोद खोसला का मानना है कि AI का प्रभाव इंटरनेट या स्मार्टफोन क्रांति से भी कहीं अधिक बड़ा होगा। उन्होंने भविष्यवाणी की है कि अगले 15 वर्षों में अधिकांश कौशल-आधारित (Skill-based) नौकरियां AI के पास होंगी। 2035 तक एकाउंटिंग, मेडिसिन, चिप डिजाइन और सेल्स जैसे क्षेत्रों में AI इंसानों को पीछे छोड़ देगा। इसके बाद शारीरिक श्रम वाले क्षेत्रों में भी रोबोट इंसानों की जगह ले लेंगे। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि अगर सरकारें सही नीति अपनाएं, तो AI के जरिए स्वास्थ्य और शिक्षा जैसी सुविधाएं लगभग मुफ्त में उपलब्ध कराई जा सकती हैं।
भारत के लिए संदेश देते हुए खोसला ने कहा कि अब पुराने ‘जॉब क्रिएशन मॉडल’ से बाहर निकलने का समय आ गया है। भारत को केवल IT और BPO तक सीमित रहने के बजाय AI-आधारিত उत्पादों और सेवाओं का बड़ा निर्यातक (Exporter) बनना चाहिए। उन्होंने भारतीय युवाओं को भविष्य की इस नई तकनीक के लिए तैयार रहने की सलाह दी है। साथ ही, उन्होंने ट्रंप की आव्रजन नीतियों की आलोचना करते हुए कहा कि वैध आव्रजन ही आर्थिक विकास और नवाचार की असली ताकत है।