वोटर लिस्ट से गायब हुए 33 हजार नाम, नाराज TMC विधायक ने चुनाव आयुक्त के नाम दर्ज कराई शिकायत!

पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले मतदाता सूची (Voter List) संशोधन को लेकर सियासी पारा चढ़ गया है। दक्षिण 24 परगना के कैनिंग पूर्व से तृणमूल कांग्रेस विधायक शौकत मुल्ला ने भारत के चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ जीवनतला थाने में प्राथमिकी (FIR) दर्ज कराई है। शुक्रवार दोपहर करीब 12 बजे विधायक दर्जनों मतदाताओं के साथ थाने पहुंचे और चुनाव आयुक्त के विरुद्ध लिखित शिकायत सौंपी।
विधायक शौकत मुल्ला का गंभीर आरोप है कि उनके निर्वाचन क्षेत्र में वर्षों से रह रहे हजारों वैध मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से जानबूझकर हटा दिए गए हैं। उन्होंने दावा किया कि “जिन लोगों के नाम 1980 की वोटर लिस्ट में भी शामिल थे, उन्हें हालिया विशेष गहन संशोधन (SIR) प्रक्रिया के दौरान लिस्ट से बाहर कर दिया गया है।” विधायक के अनुसार, पिछले तीन दिनों में केवल कैनिंग पूर्व विधानसभा क्षेत्र से ही लगभग 33,000 नाम हटाए गए हैं या वापस भेज दिए गए हैं।
शौकत मुल्ला ने इस कार्रवाई को ‘संवैधानिक अधिकारों का हनन’ और ‘लोकतंत्र के खिलाफ साजिश’ करार दिया है। उन्होंने बिना नाम लिए आरोप लगाया कि एक खास राजनीतिक दल के इशारे पर चुनाव आयोग के तंत्र का इस्तेमाल कर मतदाताओं को उनके अधिकारों से वंचित किया जा रहा है। उन्होंने जीवनतला के बाद भांगड़ थाने में भी ऐसी ही शिकायत दर्ज कराने की बात कही है। फिलहाल, चुनाव आयोग ने इस एफआईआर पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है, लेकिन इस घटना ने बंगाल की चुनावी राजनीति में नया विवाद पैदा कर दिया है।