‘वोटर लिस्ट के साथ खिलवाड़ कर रहा चुनाव आयोग’, SIR प्रक्रिया पर सुजन चक्रवर्ती का बड़ा हमला

पश्चिम बंगाल में आगामी विधानसभा चुनाव से पहले मतदाता सूची (Voter List) के सत्यापन की प्रक्रिया यानी एसआईआर (SIR) को लेकर राजनीतिक पारा चढ़ गया है। माकपा (CPIM) नेता सुजन चक्रवर्ती ने चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि आयोग वोटर लिस्ट के साथ ‘लड़कों का खेल’ (मजाक) कर रहा है। उन्होंने आशंका जताई है कि इस प्रक्रिया के नाम पर कई वैध मतदाताओं के नाम सूची से हटाए जा सकते हैं।
सुजन चक्रवर्ती ने बुधवार को कहा कि चुनाव आयोग अपनी स्वायत्तता खो चुका है और वह पूरी तरह से बीजेपी के निर्देशों पर काम कर रहा है। दस्तावेजों के सत्यापन के लिए न्यायिक अधिकारियों की नियुक्ति पर सवाल उठाते हुए उन्होंने इसे ‘शर्मनाक’ बताया। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर असम की तरह बंगाल के नागरिकों को भी ‘डी-वोटर’ (संदिग्ध मतदाता) की श्रेणी में डालने की कोशिश की गई, तो जनता इसका कड़ा विरोध करेगी।
माकपा नेता ने आधार कार्ड और माध्यमिक एडमिट कार्ड जैसे दस्तावेजों को जमा करने की समय सीमा (14 फरवरी) पर भी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि समय बीतने के बाद अगर किसी योग्य मतदाता का दस्तावेज स्वीकार नहीं किया जाता है, तो यह एक ‘भयानक अपराध’ होगा। सुजन चक्रवर्ती के अनुसार, आयोग बार-बार नियम बदलकर आम जनता के बीच भ्रम पैदा कर रहा है और इसका जवाब राज्य की जनता आगामी चुनावों में देगी।