“क्या भारत की वर्ल्ड कप ट्रॉफी भी अब ‘पेंडिंग’ है?” रिचा घोष का नाम वोटर लिस्ट से कटने पर भड़के अभिषेक बनर्जी!

तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने पश्चिम बंगाल की अंतिम मतदाता सूची को लेकर चुनाव आयोग पर अब तक का सबसे बड़ा हमला बोला है। रविवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने आरोप लगाया कि आयोग ने जानबूझकर लाखों जीवित मतदाताओं के नाम ‘अंडर एडज्यूडिकेशन’ (Under Adjudication) यानी विचाराधीन श्रेणी में डाल दिए हैं। अभिषेक ने कहा कि यह केवल आम जनता ही नहीं, बल्कि देश के गौरव नोबेल विजेताओं और विश्व कप विजेताओं के साथ भी किया जा रहा है।
अभिषेक ने महिला क्रिकेटर रिचा घोष का उदाहरण देते हुए पूछा, “भारत के लिए विश्व कप जीतने वाली बंगाल की बेटी रिचा घोष का नाम अगर विचाराधीन है, तो क्या भारत की वर्ल्ड कप ट्रॉफी भी विचाराधीन है?” उन्होंने आगे कहा कि नोबेल पुरस्कार विजेता अमर्त्य सेन और क्रिकेटर मोहम्मद शमी को भी सुनवाई के नोटिस भेजे गए हैं। अभिषेक ने तंज कसते हुए पूछा, “अगर नोबेल विजेता को नोटिस भेजा जाता है, तो क्या उनका नोबेल प्राइज भी अब लटका रहेगा?”
टीएमसी नेता ने आरोप लगाया कि यह सब आगामी चुनावों को प्रभावित करने के लिए भाजपा के इशारे पर किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी के नेतृत्व में पार्टी इस अन्याय के खिलाफ चुप नहीं बैठेगी। अभिषेक बनर्जी के इस बयान ने बंगाल में चुनावी पारा चढ़ा दिया है और चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर एक बड़ा सवालिया निशान खड़ा कर दिया है।