रैपर से प्रधानमंत्री तक का सफर! नेपाल में ‘बालन शाह’ का जादू, पुराने दिग्गजों का सूपड़ा साफ!

नेपाल की राजनीति में एक नए युग की शुरुआत हो रही है। पारंपरिक नेताओं और पुरानी पार्टियों के दबदबे को खत्म करते हुए, युवाओं के चहेते और मशहूर रैपर बालेंद्र शाह उर्फ ‘बालन शाह’ नेपाल के अगले प्रधानमंत्री बनने की रेस में सबसे आगे हैं। सितंबर में हुए बड़े जन-आंदोलन के बाद नेपाल की जनता ने बैलेट बॉक्स के जरिए अपना फैसला सुना दिया है। शुरुआती रुझानों में बालन शाह की पार्टी, ‘राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी’ (RSP), बहुमत के करीब दिखाई दे रही है।
इंजीनियर, रैपर और अब जननेता: 35 वर्षीय बालेंद्र शाह का जन्म 1990 में काठमांडू में हुआ था। वह पेशे से एक सिविल इंजीनियर हैं और उन्होंने भारत से भी शिक्षा ली है। राजनीति में आने से पहले वह नेपाल के एक मशहूर रैपर थे, जिनके गानों में भ्रष्टाचार और सिस्टम के खिलाफ गुस्सा साफ झलकता था। 2022 में काठमांडू के मेयर पद पर उनकी जीत ने यह साफ कर दिया था कि नेपाल के युवा बदलाव चाहते हैं। अब आम चुनाव में उनकी पार्टी 165 में से 73 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है, जबकि केपी ओली की पार्टी महज 6 सीटों पर सिमटती दिख रही है।
युवाओं के रोल मॉडल: बालन शाह को ‘Gen Z’ का आइकन माना जाता है। काठमांडू के मेयर के रूप में उनके काम, जैसे सरकारी स्कूलों का आधुनिकीकरण और अवैध निर्माण पर बुलडोजर कार्रवाई ने उन्हें देश भर में लोकप्रिय बना दिया। टाइम मैग्जीन की ‘इमर्जिंग लीडर्स’ लिस्ट में शामिल बालन शाह का प्रधानमंत्री बनना अब लगभग तय माना जा रहा है। नेपाल की सड़कों से शुरू हुआ युवाओं का आंदोलन अब बालन शाह के रूप में सत्ता के शिखर तक पहुँचने वाला है।