चांदी की कीमतों में जोरदार धमाका! एक ही दिन में १०,५०० रुपये बढ़ी कीमत, रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंचा भाव

सर्राफा बाजार में पिछले कई दिनों से जारी अनिश्चितता के बाद मंगलवार को चांदी की कीमतों ने सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए। वायदा कारोबार (Future Trade) में चांदी की कीमतों में एक ही झटके में १०,४४२ रुपये की भारी वृद्धि दर्ज की गई है। इस उछाल के साथ मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर चांदी का भाव २,७७,६०२ रुपये प्रति किलोग्राम के स्तर पर पहुंच गया है। पिछले ११ दिनों से एक सीमित दायरे में रहने के बाद चांदी में आई यह करीब ४ फीसदी की तेजी निवेशकों और जानकारों के लिए हैरान कर देने वाली है।
तेजी के पीछे के वैश्विक कारण: बाजार विश्लेषकों का मानना है कि इस भारी उछाल के पीछे अमेरिकी डॉलर की कमजोरी और वैश्विक बाजार में बेहतर होता सेंटिमेंट है। ‘ऑगमोंट’ की रिसर्च हेड रैनिशा चैनानी के अनुसार, पिछले सत्र में अंतरराष्ट्रीय बाजार में चांदी की कीमत थोड़े समय के लिए ८० डॉलर प्रति औंस से नीचे गिर गई थी, लेकिन डॉलर की गिरावट ने इसे फिर से ९० डॉलर की ओर धकेल दिया। न्यूयॉर्क में चांदी का वायदा भाव ६ फीसदी बढ़कर ८९.५९ डॉलर प्रति औंस पर कारोबार कर रहा है।
डोनाल्ड ट्रंप और मिडिल ईस्ट का असर: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के ताजा संकेतों ने भी कीमती धातुओं की कीमतों को हवा दी है। ट्रंप ने सोमवार को संकेत दिया कि ईरान में सैन्य अभियान जल्द समाप्त हो सकता है। साथ ही, उन्होंने तेल की कीमतों को स्थिर करने और हॉर्मुज जलडमरूमध्य के माध्यम से टैंकरों को सुरक्षित निकालने की योजना का जिक्र किया। इस शांति की उम्मीद ने ‘सेफ हेवन’ के रूप में डॉलर की मांग कम कर दी, जिससे सोने और चांदी जैसी कीमती धातुओं को वापसी करने का मौका मिला।
भविष्य की दिशा: चांदी की कीमतों में आई यह तेजी क्या आगे भी जारी रहेगी, यह काफी हद तक आने वाले अमेरिकी मुद्रास्फीति के आंकड़ों (CPI और PCE) पर निर्भर करेगा। निवेशक अब इस बात पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं कि मुद्रास्फीति की स्थिति क्या रहती है और फेडरल रिजर्व अपनी मौद्रिक नीति में क्या बदलाव करता है। फिलहाल, मंगलवार की इस तीव्र बढ़त ने यह स्पष्ट कर दिया है कि वैश्विक अनिश्चितताओं का प्रभाव अब कीमती धातुओं के भाव पर गहराई से पड़ रहा है। यदि यही रुख जारी रहा, तो घरेलू बाजार में चांदी जल्द ही ३ लाख रुपये के स्तर को छू सकती है।