देशभर में रसोई गैस का भारी संकट! सरकार ने बदला बुकिंग का नियम, अब करना होगा लंबा इंतजार

मध्य पूर्व (West Asia) में जारी भीषण युद्ध का असर अब भारत की रसोई पर दिखने लगा है। देश के लगभग सभी राज्यों में रसोई गैस (LPG) की भारी किल्लत शुरू हो गई है। कच्चे तेल और ईंधन की आपूर्ति बाधित होने से सिलेंडर की डिलीवरी में देरी हो रही है, जिससे आम जनता में डर और असुरक्षा का माहौल है। ईटीवी भारत की रिपोर्ट के अनुसार, केंद्र सरकार ने स्थिति को संभालने के लिए बुकिंग नियमों में तत्काल प्रभाव से बदलाव कर दिया है।
नए नियमों के मुताबिक, अब सिंगल सिलेंडर वाले उपभोक्ता 21 के बजाय 25 दिनों के अंतराल पर ही अगली बुकिंग कर पाएंगे। वहीं, डबल सिलेंडर कनेक्शन वालों के लिए यह समयसीमा बढ़ाकर 30 दिन कर दी गई है। दिल्ली और मुंबई जैसे बड़े शहरों में भी लोग इस नए बदलाव से अनजान हैं, जिसके कारण गैस एजेंसियों पर भारी भीड़ और भ्रम की स्थिति बनी हुई है। लोग इस डर से सिलेंडर स्टॉक करने की कोशिश कर रहे हैं कि कहीं भविष्य में सप्लाई पूरी तरह बंद न हो जाए।
इस संकट ने सबसे ज्यादा चोट होटल और रेस्तरां व्यवसाय पर पहुंचाई है। कमर्शियल गैस की किल्लत और बढ़ती कीमतों के कारण कई दुकानदारों ने अपने मेन्यू को छोटा कर दिया है, तो कुछ ने अपना कारोबार बंद करने तक की चेतावनी दी है। विशेषज्ञों का कहना है कि अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में तनाव कम नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में ईंधन की कीमतें और बढ़ सकती हैं। फिलहाल, सरकार “कम खपत” के फॉर्मूले पर जोर दे रही है, लेकिन आम आदमी के लिए घर का चूल्हा जलाना एक बड़ी चुनौती बनता जा रहा है।