ममता बनर्जी का बड़ा चुनावी दांव! आंगनवाड़ी और आशा कार्यकर्ताओं के वेतन में ₹1,000 की बढ़ोतरी

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 को ध्यान में रखते हुए, सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस ने अपने चुनावी घोषणापत्र में राज्य की लाखों महिला कार्यकर्ताओं के लिए खुशियों का पिटारा खोल दिया है। 20 मार्च को जारी मैनिफेस्टो में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने घोषणा की कि आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं (Anganwadi Workers) और आशा कर्मियों के मासिक मानदेय में ₹1,000 की अतिरिक्त वृद्धि की जाएगी। यह नया वेतन ढांचा 1 अप्रैल, 2026 से लागू होगा, जो सीधे तौर पर हजारों परिवारों की आर्थिक स्थिति को मजबूती देगा।
आंकड़ों के अनुसार, अप्रैल 2024 से आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं का वेतन ₹9,000 था, जो अब बढ़कर ₹10,000 हो जाएगा। इसी तरह, सहायिकाओं का वेतन ₹6,500 से बढ़कर ₹7,500 कर दिया गया है। पिछले दो वर्षों में यह लगातार दूसरी बड़ी वेतन वृद्धि है। वेतन के अलावा, टीएमसी ने सामाजिक सुरक्षा पर भी जोर दिया है। अब इन कार्यकर्ताओं को 180 दिनों के सवैतनिक प्रसूति अवकाश (Maternity Leave) की सुविधा मिलेगी। साथ ही, यदि किसी कार्यकर्ता की 60 वर्ष की आयु से पहले मृत्यु हो जाती है, तो उनके परिवार को ₹5 लाख की एकमुश्त वित्तीय सहायता देने का वादा किया गया है।
राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि जमीनी स्तर पर काम करने वाली इन महिला कार्यकर्ताओं को साधकर ममता बनर्जी ने विपक्षी खेमे को कड़ी चुनौती दी है। हालांकि विपक्ष इसे चुनावी वादा बता रहा है, लेकिन सत्ता पक्ष का कहना है कि उन्होंने हमेशा की तरह अपने वादे निभाए हैं। पोषण और प्राथमिक शिक्षा के क्षेत्र में अहम भूमिका निभाने वाली इन महिलाओं के लिए यह घोषणा एक बड़ी राहत के रूप में देखी जा रही है।