“सुपर हिटलर को भी पीछे छोड़ दिया!” वोटर लिस्ट से 76 लाख नाम हटने पर भड़कीं ममता बनर्जी

पश्चिम बंगाल में चुनाव आयोग की सप्लीमेंट्री लिस्ट (Supplementary List) ने राजनीतिक भूचाल ला दिया है। वोटर लिस्ट से करीब 76 लाख नाम काटे जाने की खबर पर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर तीखा हमला बोला है। शुक्रवार को कोलकाता एयरपोर्ट पर मीडिया से बात करते हुए उन्होंने इसे “लोकतंत्र की हत्या” करार दिया।
“बीजेपी की वैनिशिंग वॉशिंग मशीन” ममता बनर्जी ने कड़े शब्दों में कहा, “आज जो हो रहा है, उसने सुपर हिटलर को भी पीछे छोड़ दिया है। हिटलर को भूल जाइए, यह अब बीजेपी की ‘वैनिशिंग वॉशिंग मशीन’ बन गई है, जो जनता के लोकतांत्रिक अधिकारों को ही गायब कर रही है।” मुख्यमंत्री का आरोप है कि चुन-चुनकर एक विशेष समुदाय के लोगों के नाम लिस्ट से हटाए जा रहे हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि एक ही परिवार के चार सदस्यों के नाम गायब हैं और किसी बूथ पर 600 में से 400 वोटर्स के नाम काट दिए गए हैं।
चुनाव आयोग को सीधी चुनौती सप्लीमेंट्री लिस्ट के सार्वजनिक न होने पर नाराजगी जताते हुए ममता ने कहा, “अगर हिम्मत है तो लिस्ट सार्वजनिक करें। जिन लोगों के नाम हटाए गए हैं, उन्हें वापस जोड़ने की व्यवस्था की जाए। हम जरूरत पड़ने पर मुफ्त कानूनी सहायता भी देंगे।” उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि “धर्म का कांटा हवा में हिलता है,” यानी सच्चाई छिप नहीं सकती।
बीजेपी का पलटवार बीजेपी प्रवक्ता देवजीत सरकार ने ममता के आरोपों पर पलटवार करते हुए कहा कि यह वॉशिंग मशीन नहीं बल्कि ‘कारपेट क्लीनिंग’ की तरह सफाई है। उन्होंने दावा किया कि बंगाल की जनता अब केवल सत्ता परिवर्तन का इंतजार कर रही है। आंकड़ों के मुताबिक, पिछली लिस्ट में 32 लाख नामों में से 13 लाख नाम हटाए गए थे, और अब कुल संख्या 76 लाख तक पहुंच गई है।