मिठाई की दुकान से संसद तक का सफर! जानें कौन हैं अशोक मित्तल जिन्हें मिली बड़ी जिम्मेदारी

आम आदमी पार्टी ने राज्यसभा में अपने नेतृत्व ढांचे में अचानक बदलाव कर सबको चौंका दिया है। पार्टी के चर्चित चेहरे राघव चड्ढा को राज्यसभा के उप-नेता (Deputy Leader) पद से हटा दिया गया है। उनकी जगह अब पंजाब से सांसद अशोक मित्तल यह जिम्मेदारी संभालेंगे। बीजेपी का आरोप है कि राघव चड्ढा अब केजरीवाल के “भ्रष्ट नेतृत्व” से खुद को दूर कर रहे हैं, जबकि पार्टी इसे आंतरिक बदलाव बता रही है।
अशोक मित्तल की कहानी किसी प्रेरणा से कम नहीं है। एक साधारण परिवार में मिठाई के व्यवसाय से शुरुआत करने वाले मित्तल आज ‘लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी’ (LPU) के चांसलर हैं। पेशे से चार्टर्ड अकाउंटेंट और कानून के जानकार मित्तल को उनकी सादगी और बौद्धिक क्षमता के लिए जाना जाता है। 2022 में पंजाब से राज्यसभा पहुंचे मित्तल अब सदन में पार्टी की आवाज बुलंद करेंगे।
पद संभालने के बाद मित्तल ने कहा कि राघव चड्ढा पार्टी के वरिष्ठ नेता बने रहेंगे और यह बदलाव केवल अन्य नेताओं को अवसर देने की लोकतांत्रिक प्रक्रिया है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि राघव की ‘खामोशी’ और मित्तल की पदोन्नति पार्टी के भीतर नए समीकरणों की ओर इशारा कर रही है।