हवाई यात्रियों को तगड़ा झटका! मुफ्त सीट बुकिंग पर लगी रोक, बदल गया पूरा नियम

हवाई यात्रा करने वालों के लिए एक निराशाजनक खबर सामने आई है। नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने विमानों में ६० प्रतिशत सीटों को मुफ्त में बुक करने के अपने पिछले आदेश पर फिलहाल रोक लगा दी है। कुछ समय पहले ही मंत्रालय ने डीजीसीए (DGCA) को निर्देश दिया था कि एयरलाइंस को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि यात्री बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के कम से कम ६० प्रतिशत सीटें चुन सकें। विशेष रूप से एक साथ यात्रा करने वाले परिवारों और दोस्तों को पास-पास बैठने के लिए अतिरिक्त भुगतान न करना पड़े, इस पर जोर दिया गया था। लेकिन अब इस फैसले को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया है।
मंत्रालय द्वारा २ अप्रैल को डीजीसीए को भेजे गए एक पत्र में कहा गया है कि इस नियम के परिचालन और व्यावसायिक प्रभावों की समीक्षा की जानी बाकी है। जब तक यह समीक्षा पूरी नहीं हो जाती, तब तक मुफ्त सीट आवंटन का यह आदेश प्रभावी नहीं होगा। दरअसल, ‘फेडरेशन ऑफ इंडियन एयरलाइंस’ (FIA) और अकासा एयर जैसे प्रमुख ऑपरेटरों ने इस नियम को लेकर अपनी वित्तीय चिंताएं व्यक्त की थीं। उनका तर्क है कि इससे एयरलाइंस के राजस्व मॉडल पर बुरा असर पड़ेगा, जो पहले से ही ईंधन की बढ़ती कीमतों के कारण दबाव में हैं।
वर्तमान में विमान ईंधन (ATF) की कीमतों में भारी उछाल आया है। इसके परिणामस्वरूप, इंडिगो जैसी बड़ी एयरलाइंस ने अपने किराए में बढ़ोतरी कर दी है, जो २ अप्रैल से लागू हो चुकी है। घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों रूटों पर प्रति किलोमीटर किराया बढ़ गया है। एक तरफ बढ़ता किराया और दूसरी तरफ पसंदीदा सीट के लिए मुफ्त विकल्प का खत्म होना, आम यात्रियों के लिए दोहरी मार जैसा है।
हालांकि, सरकार ने यह स्पष्ट किया है कि यात्री सुविधाओं से जुड़े अन्य पारदर्शी नियम लागू रहेंगे। इसमें एक ही PNR पर यात्रा करने वाले लोगों को साथ में सीट देने की कोशिश करना और अतिरिक्त शुल्कों के बारे में स्पष्ट जानकारी देना शामिल है। अब सबकी निगाहें मंत्रालय की अंतिम समीक्षा पर टिकी हैं कि क्या भविष्य में यात्रियों को कोई राहत मिलेगी या हवाई सफर और भी महंगा होता जाएगा।