जिस गांव में ज्यादातर लोग एक किडनी पर जी रहे! वजह जानकर कांप जाएगी रूह

अफगानिस्तान के हेरात प्रांत स्थित शेनशायबा बाजार गांव में एक भयावह सच्चाई सामने आई है, जहां अधिकांश लोग सिर्फ एक किडनी के सहारे जीवन गुजार रहे हैं। पुरुष हो या महिला, सैकड़ों लोगों के शरीर से एक किडनी का गायब होना कोई शारीरिक विकृति नहीं, बल्कि यह उनकी अत्यधिक गरीबी और भूखमरी की मजबूरी है। दो वक्त के भोजन का इंतजाम करने के लिए यहां के लोग अपनी एक किडनी बेचने को मजबूर हैं, जो इस क्षेत्र के गंभीर आर्थिक संकट को दर्शाता है।
तालिबान शासन आने के बाद से हालात और भी बदतर हो गए हैं, और ब्लैक मार्केट में एक किडनी बेचकर मिले पैसों से वे किसी तरह अपने परिवार के लिए भोजन जुटा पाते हैं। लगभग दो लाख भारतीय रुपये या ढाई लाख अफगानी रुपये के बदले अपने शरीर का महत्वपूर्ण अंग बेचना इन लोगों के लिए अब अस्तित्व बचाने का आखिरी रास्ता है। गांव की यह त्रासदी, जो लगभग हर घर की कहानी है, अफगानिस्तान के गहरे मानवीय संकट का एक चरम उदाहरण है।