भारत का ‘छोटा अफ्रीका’! यहाँ के लोग खाते हैं गुटका और बोलते हैं धाकड़ हिंदी, देखें ये गांव
February 3, 2026

एकझलक न्यूस डेस्क : इन अफ्रीकी मूल के लोगों का भारतीय जीवनशैली को अपनाना यह दर्शाता है कि संस्कृति किसी सीमा की मोहताज नहीं होती। जंबूर गांव में रहने वाले इन लोगों ने न केवल यहां की भाषा सीखी, बल्कि स्थानीय व्यापार और कामकाज में भी खुद को पूरी तरह ढाल लिया है। सामान्य नागरिक के लिए यह देखना दिलचस्प है कि कैसे अलग मूल के होने के बावजूद ये लोग भारतीय समाज का हिस्सा बन गए हैं।
इनकी नई पीढ़ी स्थानीय स्कूलों में पढ़ रही है और गुजराती-हिंदी में माहिर है। हीरा पॉलिशिंग से लेकर छोटे-मोटे व्यापार तक, ये लोग देश की अर्थव्यवस्था में अपना योगदान दे रहे हैं। यह गांव विविधता में एकता का सबसे बड़ा और जीवंत उदाहरण बनकर उभरा है।