Share Market Prediction: आज बाजार में आएगी तेजी की लहर? इन 8 शेयरों में दिखेगा बड़ा एक्शन!

गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार में तेजी के साथ शुरुआत होने की पूरी उम्मीद है। वैश्विक बाजारों (Global Markets) से मिल रहे सकारात्मक संकेतों और गिफ्ट निफ्टी (Gift Nifty) की चाल को देखते हुए यह साफ है कि आज दलाल स्ट्रीट में बुल्स का दबदबा रहेगा। गिफ्ट निफ्टी फिलहाल 25,853 के स्तर पर कारोबार कर रहा है, जो पिछले बंद भाव से लगभग 25 अंक ऊपर है।
बुधवार की तेजी का असर: पिछले कारोबारी सत्र में बाजार ने उतार-चढ़ाव के बावजूद मजबूती दिखाई। सेंसेक्स 283.29 अंक चढ़कर 83,734.25 पर और निफ्टी 50 करीब 94 अंक की बढ़त के साथ 25,819.35 पर बंद हुआ। आज का ट्रेंड भी इसी दिशा में आगे बढ़ने की संभावना जता रहा है।
आज फोकस में रहने वाले प्रमुख स्टॉक्स:
- हिंदुस्तान यूनिलीवर (HUL): कंपनी ने अपने प्रीमियम पोर्टफोलियो और होम केयर सेगमेंट को मजबूती देने के लिए ₹2,000 करोड़ के निवेश का एलान किया है। इस बड़ी खबर का असर आज शेयर की कीमतों पर दिख सकता है।
- कोचीन शिपयार्ड (Cochin Shipyard): फ्रांस की दिग्गज कंपनी CMA CGM ग्रुप से ₹3,000 करोड़ (लगभग 360 मिलियन डॉलर) से अधिक का कॉन्ट्रैक्ट मिलने के बाद यह डिफेंस स्टॉक आज रॉकेट बन सकता है।
- जायडस लाइफसाइंसेस (Zydus Lifesciences): यूएसएफडीए (US FDA) से दवा की मंजूरी मिलने के बाद फार्मा सेक्टर में इस स्टॉक पर निवेशकों की पैनी नजर रहेगी।
- भारत फोर्ज (Bharat Forge): डिफेंस और ऑटोमोटिव सेक्टर में नई तकनीक के लिए VVDN टेक्नोलॉजीज के साथ रणनीतिक साझेदारी ने इस शेयर में नई जान फूंक दी है।
- डॉ. रेड्डीज (Dr Reddy’s): कंपनी ने प्रोगिनोवा (Progynova) जैसे ट्रेडमार्क हासिल किए हैं, जिससे भारत में उनके पोर्टफोलियो को मजबूती मिलेगी।
- टीवीएस मोटर (TVS Motor): इंडोनेशिया में 10 लाख वाहनों के उत्पादन का कीर्तिमान स्थापित करने के बाद कंपनी की अंतरराष्ट्रीय साख बढ़ी है।
- जिंदल सॉ (Jindal Saw): एपीआई (API) लाइसेंस सस्पेंड होने की खबर से इस शेयर में बिकवाली का दबाव देखा जा सकता है।
- एनसीसी (NCC): एनएचएआई (NHAI) द्वारा नए ऑर्डर लेने पर रोक लगाए जाने से इस कंस्ट्रक्शन स्टॉक में गिरावट की आशंका है।
कुल मिलाकर, आज का बाजार चुनिंदा शेयरों की चाल पर निर्भर करेगा। जहां एक ओर दिग्गज कंपनियां नए निवेश और ऑर्डर के साथ तैयार हैं, वहीं कुछ कंपनियों के लिए रेगुलेटरी चुनौतियां सिरदर्द बन सकती हैं। निवेशकों को सतर्क रहकर और स्टॉप लॉस के साथ ट्रेड करने की सलाह दी जाती है।