चुनावी माहौल में बड़ी घुसपैठ नाकाम! जलपाइगुड़ी स्टेशन पर जाली आधार कार्ड के साथ 14 बांग्लादेशी गिरफ्तार

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 से ठीक पहले सीमा पार से घुसपैठ का एक बड़ा मामला सामने आया है। जलपाइगुड़ी रोड स्टेशन पर आरपीएफ (RPF) ने एक गुप्त सूचना और विशेष चेकिंग के दौरान 14 बांग्लादेशी नागरिकों को गिरफ्तार किया है। ये सभी कामाख्या-दिल्ली नॉर्थ-ईस्ट एक्सप्रेस के जरिए असम से दिल्ली जा रहे थे। इनके पास से फर्जी आधार कार्ड, पैन कार्ड और विदेशी मुद्रा बरामद हुई है, जिसने सुरक्षा एजेंसियों की नींद उड़ा दी है।
बुधवार रात जब ट्रेन जलपाइगुड़ी रोड स्टेशन पर रुकी, तो आरपीएफ के जवानों ने जनरल बोगी में कुछ संदिग्ध लोगों से पूछताछ की। उनके आधार कार्ड और बातचीत में भारी विसंगतियां पाई गईं। सख्ती से पूछताछ करने पर पता चला कि वे अवैध रूप से सीमा पार कर भारत में घुसे थे। गिरफ्तार किए गए लोगों में 5 पुरुष, 5 महिलाएं और 4 नाबालिग शामिल हैं। इनका इरादा दिल्ली के रास्ते जम्मू-कश्मीर पहुंचने का था।
आरपीएफ अधिकारी बिप्लब दत्ता ने बताया कि तलाशी के दौरान इनके पास से 5 एंड्रॉइड मोबाइल, बांग्लादेशी टका और मलेशियाई मुद्रा बरामद की गई है। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि इन सभी के पास भारतीय पहचान पत्र मौजूद थे, जो पूरी तरह से फर्जी हैं। अब जांच इस बात पर केंद्रित है कि चुनावों के बीच इतनी सुरक्षा के बावजूद ये लोग सीमा कैसे लांघ पाए और भारत में इनके मददगार कौन हैं जो इन्हें फर्जी दस्तावेज मुहैया करा रहे हैं।
इस घटना ने बंगाल की चुनावी राजनीति में ‘घुसपैठ’ के मुद्दे को फिर से गर्म कर दिया है। भाजपा ने सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया है कि वोट बैंक की राजनीति के लिए घुसपैठियों को संरक्षण दिया जा रहा है। वहीं, टीएमसी का कहना है कि सीमा की सुरक्षा केंद्र की बीएसएफ (BSF) की जिम्मेदारी है और यह उनकी विफलता है। 2026 के चुनाव में यह मुद्दा अब और भी बड़ा रूप लेने वाला है। आज सभी आरोपियों को जलपाइगुड़ी अदालत में पेश किया जाएगा।