पश्चिम एशिया में महायुद्ध का खतरा! पीएम मोदी ने आज शाम बुलाई इमरजेंसी मीटिंग, क्या भारत पर होगा असर?

पश्चिम एशिया में युद्ध के बढ़ते बादलों के बीच भारत सरकार पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज बुधवार शाम ७ बजे सुरक्षा मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति (CCS) की एक आपातकालीन बैठक की अध्यक्षता करेंगे। इस बैठक का मुख्य केंद्र पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष और भारत की ऊर्जा सुरक्षा, आपूर्ति श्रृंखला (Supply Chain) और आर्थिक स्थिरता पर इसके संभावित प्रभावों का विश्लेषण करना है।
रणनीति और सुरक्षा पर चर्चा: इस उच्च स्तरीय बैठक में गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण और विदेश मंत्री एस. जयशंकर मौजूद रहेंगे। सरकार का मुख्य ध्यान इस बात पर है कि युद्ध के कारण कच्चे तेल की कीमतों में उछाल न आए और समुद्री व्यापार मार्ग सुरक्षित रहे। पिछले २२ मार्च को हुई समीक्षा बैठक में भी पीएम मोदी ने स्पष्ट किया था कि पश्चिम एशिया का संकट वैश्विक बाजारों को प्रभावित कर सकता है और इसके लिए भारत को पहले से तैयार रहना होगा।
जनता से शांति की अपील: पीएम मोदी ने लोगों से अफवाहों से बचने और सतर्क रहने का आग्रह किया है। उन्होंने संकेत दिया है कि मार्च का महीना पूरी दुनिया के लिए चुनौतीपूर्ण रहा है और आने वाला समय वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए कठिन हो सकता है। बैठक में कृषि, रेलवे, बंदरगाह और पेट्रोलियम मंत्रालय के विशेषज्ञ भी हिस्सा लेंगे, ताकि देश के भीतर आवश्यक वस्तुओं की कमी न हो। यह बैठक भारत की सामरिक और आर्थिक सुरक्षा के लिए निर्णायक मानी जा रही है।