. PAN Card के नियमों में १ अप्रैल से बड़ा बदलाव! अब आधार के साथ देने होंगे ये अतिरिक्त दस्तावेज

क्या आप नया पैन (PAN) कार्ड बनवाने जा रहे हैं? या फिर अपने पुराने कार्ड में कोई सुधार करवाना चाहते हैं? तो यह खबर आपके लिए बहुत जरूरी है। १ अप्रैल से पैन कार्ड के नियमों में क्रांतिकारी बदलाव किए गए हैं। अब आवेदन की पुरानी प्रक्रिया पूरी तरह बदल चुकी है। अगर आप नए नियमों का पालन नहीं करते हैं, तो आपका आवेदन रिजेक्ट हो सकता है।
अब फॉर्म ४९ए (49A) हुआ पुराना: अब तक भारतीय नागरिक पैन कार्ड के लिए फॉर्म ४९ए भरते थे, लेकिन अब से आपको ‘फॉर्म ९३’ (Form 93) भरना होगा। इसी तरह, अनिवासी भारतीयों (NRIs) के लिए भी फॉर्म ४९एए की जगह अब ‘फॉर्म ९५’ अनिवार्य कर दिया गया है।
सिर्फ आधार से नहीं चलेगा काम: नए नियमों के तहत अब पहचान के लिए सिर्फ आधार कार्ड पर्याप्त नहीं होगा। आपको जन्म प्रमाण पत्र (Birth Certificate), वोटर आईडी, मैट्रिकुलेशन सर्टिफिकेट, ड्राइविंग लाइसेंस या पासपोर्ट जैसे दस्तावेजों में से कोई एक अतिरिक्त प्रमाण के तौर पर देना होगा। विभाग ने स्पष्ट किया है कि पैन कार्ड पर नाम और जन्मतिथि वही होनी चाहिए जो आपके आधार रिकॉर्ड में दर्ज है। डेटा में थोड़ा सा भी अंतर होने पर ऑथेंटिकेशन फेल हो जाएगा।
कैसे करें आवेदन? सबसे पहले NSDL या UTIITSL के आधिकारिक पोर्टल पर जाएं और फॉर्म ९३ का चयन करें। अपनी व्यक्तिगत जानकारी जैसे मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी दर्ज करें। आधार नंबर के जरिए प्रमाणीकरण (Authentication) पूरा करें और मांगे गए दस्तावेज अपलोड करें। आवेदन शुल्क का भुगतान करने के बाद आपको एक ‘एक्नॉलेजमेंट नंबर’ मिलेगा, जिससे आप अपने कार्ड का स्टेटस ट्रैक कर सकेंगे।